सिद्धार्थनगर। गोवंश वध और तस्करी रोकने के लिए सभी जिलों में विशेष अभियान चलाने के लिए शासन ने निर्देश दिया है। शासन की ओर से निर्देश जारी होने के बाद अधिकारी अलर्ट हो गए हैं। अब तस्करी में संलिप्त व्यक्तियों पर गैंंगस्टर एक्ट की कार्रवाई करने के साथ ही राजपत्रित अधिकारियों की मौजूदगी तस्करों से पूछताछ की जाएगी।
गोवंशीय पशुओं के वध और उनकी तस्करी को लेकर प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। पशु तस्करी रुके इसलिए शासन ने पत्र जारी किया है। अब गोवंश के वध, दुधारू पशुओं एवं गोवंश की तस्करी की घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी नियंत्रण न होने का के लिए अधिकारियों को निर्देश दिया गया है। गोवंश की तस्करी की घटनाओं के प्रति लापरवाह व तस्करी में मददगार पुलिस कर्मियों को चिह्नित करते हुए इनके खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है। तस्करी की घटनाओं को रोकने के लिए प्रभावी अभिसूचना तंत्र विकसित करने के साथ ही पिछले 10 वर्षों में हुई घटनाओं को संक्षिप्त व सूचीबद्ध करते हुए इनके आवागमन, तस्करी के रूट, हॉटस्पाट चिह्नित कर रणनीति बनाकर अभियान चलाने के निर्देश हैं। । मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डॉ. एमपी सिंह ने बताया कि पत्र का अनुपालन करने के लिए सभी प्रभारी पशु चिकित्साधिकारियों को निर्देशित किया गया है। पुलिस और प्रशासनिक सहयोग से कार्रवाई की जाएगी।