सिद्धार्थनगर। आग और हवा का तेज झोंका सोमवार को फिर दर्जनों किसानों की तबाही का सबब बना। जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में लगी आग से सैकड़ों बीघा गेहूं की फसल जलकर राख हो गई। कई झोपड़ियां भी आग की भेंट चढ़ गईं। कहीं तारों की स्पार्किंग तो कहीं डंठल जलाते समय निकली चिंगारी तेज हवा के प्रभाव से शोला बन गई। देखते ही देखते किसानों के मेहनत की फसल स्वाहा हो गई। ग्रामीणों ने अथक कोशिशों से आग पर काबू पाया।
पहली घटना सदर थाना क्षेत्र के ग्राम बर्रोहिया खालसा व टोला देउरा जंगल का है। सोमवार की सुबह करीब 10 बजे बर्रोहीया खालसा गांव के उत्तर सीवान में अचानक आग लग गई। आग का कारण ग्रामीणों ने बिजली के तार के बताया है। आग से गांव में करीब 200 बीघा गेहूं की फसल स्वाहा हुई। गांव के अबुल लतीफ की गेहूं लदी ट्राली भी जल गई। आग का तांडव इस कदर था कि गांव के उत्तर पूरब दिशा में मौजूद देउरा गांव का सिवान भी इसकी चपेट में आ गया। आग से गांव निवासी स्नेही, सेवक, पल्टू, माधव, नंदलाल, शेषमन की घारी, राममिलन की झोपड़ी व साइकिल सहित करीब 50 बीघा गेहूं की फसल जल गई।
ग्राम प्रधान वजीर अहमद, अब्दुल लतीफ, जकाउल्लाह, चंद्रिका बरनवाल, घनश्याम, पूर्व प्रधान चंद्रजीत जायसवाल, मशहूर आलम, प्रभुनाथ यादव, रामसुमेर यादव, इनरमन यादव, विक्रम राजभर, शंभू यादव आदि का कहना है कि बिजली का तार बर्रोहिया खाल्सा के उत्तर सीवान में आग लगी थी। सूचना देने के बाद फायर ब्रिगेड की टीम मौके पर दो घंटे बाद पहुंची। उधर, विकासखंड खुनियांव अंतर्गत ग्राम पंचायत बरगदवा व बभनी में अज्ञात कारणों से लगी आग से बीस बीघा खड़ी गेहूं की फसल जल गया। रविवार की देर शाम करीब साढ़े छह बजे ग्राम पंचायत बरगदवा में अज्ञात कारणों से आग लग गई थी।
इसमें बलिराम, गोमती, केतार, फूलमति, चंद्रमोहन, रमजान के खेतों में गेहूं की फसल जल गई। ग्रामीणों के मुताबिक बिजली के तारों में स्पार्किंग से निकली चिंगारी के चलते आग लगी है। ग्राम पंचायत बभनी में सोमवार को दोपहर अज्ञात कारणों से लगी आग से 15 बीघा गेहूं की फसल जल गई।