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आत्मनिर्भर बनाने में केंद्रीय बजट मील का पत्थर 16-00-33

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केंद्रीय बजट की खूबियां बताई
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आत्मनिर्भर बनाने में केंद्रीय बजट मील का पत्थर : स्वामी प्रसाद
लोहिया कला भवन में भाजपा की ओर से प्रबुद्ध वर्ग की गोष्ठी
प्रभारी मंत्री समेत स्वास्थ्य मंत्री और भाजपाइयों ने गिनाई उपलब्धियां
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। काबीना मंत्री एवं जिले के प्रभारी मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि केंद्रीय बजट 2021-22 आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। इसकी सर्वत्र सराहना हो रही है। इसके बाद भी विपक्षियों को बजट रास नहीं आ रहा है।
श्रम एवं सेवायोजन मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य शनिवार को लोहिया कला भवन में भाजपा की ओर से प्रबुद्ध वर्ग के आयोजित गोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। कहा कि वर्ष 2014 के बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुवाई में देश प्रगति के पथ पर है। हर बजट में कुछ नया ही किया जा रहा है। हाल में 2021-22 का बजट सर्वहितकारी, मूलभूत सुविधाओं का ध्यान रखने वाला है। स्वास्थ्य और शिक्षा में सर्वाधिक बजट देकर इतिहास बदलने का कार्य किया है। जनहित के कार्यों को प्राथमिकता दी गई है। कोरोना काल में भारत की रणनीति और मिली सफलता की विश्व में सराहना हो रही है। प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री जयप्रताप सिंह ने कहा कि केंद्रीय बजट में समाज के हर तबके का ख्याल रखा गया। हर क्षेत्र में तरक्की की राह को आसान करने के लिए पर्याप्त बजट का प्राविधान किया। सबका साथ, सबका विकास और सबका विश्वास को चरितार्थ किया। भाजपा जिलाध्यक्ष गोविंद माधव ने पार्टी की नीतियों और मोदी सरकार की उपलब्धियों पर विस्तृत जानकारी दी। गोष्ठी को शिवनाथ चौधरी, परमात्मा पांडेय, नरेंद्र मणि त्रिपाठी, रामकुमार कुंवर, लालजी त्रिपाठी, बृजबिहारी मिश्र, साधना चौधरी, घनश्याम मिश्र, विपिन सिंह, विजयकांत चतुर्वेदी, मधुसूदन अग्रहरि ने विचार व्यक्त किए। इस मौके पर मोनी पांडेय, फतेह बहादुर सिंह, महेश वर्मा, पीपी मिश्रा, लक्ष्मीकांत, राजू सिंह, अजय, अरविंद, कुलदीप उपस्थित थे।
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बजट में यूपी का खास ख्याल
काबीना मंत्री स्वामी प्रसाद मौर्य ने पत्रकारों से बातचीत की। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट 2021-22 में उत्तर प्रदेश को प्राथमिकता दी गई है। आदिवासी क्षेत्रों में एकलव्य स्कूल के लिए चार जनपदों का चयन किया गया, जिसमें बिजनौर, श्रावस्ती, सोनभद्र आदि शामिल हैं। चिकित्सा, शिक्षा के क्षेत्र में भी पिछले बजट की तुलना में इस बार के बजट में खास तरजीह दी गई है। रेल सेवा के लिए 40 फीसदी बजट का प्राविधान किया गया है। देश का सबसे अहम धार्मिक स्थल अयोध्या के विकास को लेकर 100 करोड़ का अतिरिक्त बजट दिया गया है।
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