जनसंख्या नियंत्रण के उपाय बताए
सिद्धार्थ विवि की ओर से पिपरहवा में आयोजित हुआ कार्यक्रम
संवाद न्यूज एजेंसी
कपिलवस्तु। सिद्धार्थ विश्वविद्यालय कपिलवस्तु की महिला अध्ययन केंद्र की ओर से विश्वविद्यालय के पास स्थित पिपरहवा गांव में जनसंख्या नियंत्रण पर आयोजित जन जागरूकता कार्यक्रम शुक्रवार को संपन्न हुआ। महिलाओं को जनसंख्या नियंत्रण के उपाय बताए गए।
विश्वविद्यालय की प्राचीन इतिहास विभाग की आचार्य एवं महिला अध्ययन केंद्र की नोडल अधिकारी डॉ. नीता यादव ने कहा की ग्रामीण क्षेत्रों में अत्यधिक जनसंख्या विकास के मार्ग में बड़ी बाधा है। गांव में व्यवसाय एवं रोजगार के साधनों की कमी रहती है। उस अनुपात में जनसंख्या सर्वाधिक है। शिक्षा के अभाव के कारण भी और अपने भविष्य को लेकर बहुत सचेत नहीं रहने के कारण भी ग्रामीण क्षेत्रों में जनसंख्या विगत कुछ वर्षों में बढ़ी है। ग्रामवासियों को निश्चित रूप से जनसंख्या नियंत्रण पर गंभीरता से विचार करना होगा। विशेष रूप से महिलाओं को इसके लिए प्रशिक्षण दिया जाना अत्यंत महत्वपूर्ण है। शासन स्तर पर भी लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। साथ ही शिक्षण संस्थाओं और बौद्धिक जगत का भी यह दायित्व होना चाहिए कि अपने आसपास के क्षेत्रों में इस प्रकार की समसामयिक समस्याओं के समाधान के लिए लोगों को जागरूक करें। जनसंख्या नियंत्रित होने से सरकार की तरफ से उपलब्ध संसाधन और प्राकृतिक संसाधनों का आनुपातिक उपयोग संभव हो पाएगा और विकास के मार्ग भी प्रशस्त होंगे। जागरूक महिलाएं उन्नत गांव की धुरी बन सकेंगी। उन्होंने केंद्र सरकार तथा उत्तर प्रदेश शासन द्वारा चलाए जा रहे विभिन्न योजनाओं के जानकारी से संबंधित पुस्तिका भी सौंपीं। इस दौरान महिला अध्ययन केंद्र की डॉ. सुनीता त्रिपाठी, डॉ. रेनू त्रिपाठी सहित ग्रामप्रधान कैलासी देवी और गांव की महिलाएं मौजूद रहीं।