शोहरतगढ़ के विद्युत उपकेंद्र परसिया से जुड़े गांवों में रविवार सुबह से विद्युत आपूर्ति न होने से उपभोक्ताओं को परेशानी का सामना करना पड़ा। एसडीओ और जेई के सीयूजी नंबर पर क्षेत्र के लोगों ने संपर्क करना चाहा, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। उमस भरी गर्मी में राहत के लिए लोग दिन भर परेशान रहे।
विद्युत उपकेंद्र नौगढ़ में ट्रांसफार्मर की क्षमतावृद्धि कार्य के चलते आपूर्ति रोस्टर में बदलाव की सूचना समाचार पत्रों के माध्यम से दी गई थी। नए रोस्टर के तहत नगरीय क्षेत्र में सुबह चार बजे से आठ बजे तक, दोपहर 12 से रात आठ बजे तक व रात 10 से सुबह दो बजे तक और ग्रामीण क्षेत्र में रात दो से सुबह चार बजे तक, सुबह आठ से दोपहर 12 बजे तक एवं रात आठ से 10 बजे तक आपूर्ति होनी है। इसके बावजूद नगर पंचायत शोहरतगढ़ में सुबह सात बजे से शाम 6 बजे तक विद्युत आपूर्ति ठप रही।
इसी प्रकार ग्रामीण क्षेत्र में भी बिजली आपूर्ति नहीं हुई। इससे लोगों को भीषण गर्मी से दो-चार होना पड़ा। क्षेत्र के सौरभ गुप्ता, संजय, रामू, दिनेश, गोपाल, अशोक, पवन, महेश ने विभाग के जिम्मेदार लोगों को तय किए गए रोस्टर के अनुसार आपूर्ति मुहैया कराने की मांग की है। मांग पूरा न होने पर आंदोलन की चेतावनी भी दी।
ट्रांसफार्मर की क्षमतावृद्धि का कार्य शुरू
नौगढ़ के 132 केवी विद्युत उपकेंद्र में ट्रांसफार्मर की क्षमता वृद्धि का कार्य रविवार से आरंभ हो गया है। यहां 20 एमवीए के एक पावर ट्रांसफॉर्मर को हटाकर 40 एमवीए का ट्रांसफॉर्मर लगाया जा रहा है। इससे उपकेंद्र पर ट्रांसफॉर्मर की कुल क्षमता 60 एमवीए हो जाएगी। इससे संबंधित क्षेत्रों में बेहतर बिजली आपूर्ति हो सकेगी। क्षमतावृद्धि कार्य के पहले दिन कनेक्शन का कार्य जारी रहा। पुराने ट्रांसफॉर्मर से कनेक्शन हटाकर उसकी जगह नए ट्रांसफॉर्मर से जोड़ने की कवायद में कर्मचारी जुटे रहे। उपकेंद्र के जेई अब्दुल हमीद अंसारी ने बताया कि 15 जून की समय सीमा से पहले काम पूरा करने का हरसंभव प्रयास किया जा रहा है, ताकि आपूर्ति शुरू की जा सके।
5-6 घंटे बिजली अपर्याप्त, रोजेदारों की परेशानी बढ़ी
बांसी के पथरा फीडर के 103 गांव के लोगों को इस भीषण गर्मी में बिजली की बदहाली से गुजरना पड़ रहा है। आम ग्रामीणों के साथ साथ इन दिनों रोजेदार परेशान हैं।
क्षेत्र के लोगों का आरोप है कि 14 घंटे का शेड्यूल लागू होने के बावजूद उन्हें 5-6 घंटे बिजली मिल रही है, वह भी बे-वक्त। लोगों का कहना है कि अगर पुराने शेड्यूल के अनुसार बिजली की आपूर्ति नहीं शुरू की गई तो वह आंदोलन करेंगे।
पथरा फीडर से इस समय सुबह 8 से दोपहर 1, शाम 5 से रात्रि 11 व रात्रि 1 से सुबह 4 बजे तक कुल 14 घंटे बिजली आपूर्ति का शेड्यूल लागू है। ग्रामीणों के अनुसार बिजली आती है और कुछ ही देर में कहीं न कहीं फाल्ट हो जाता है। उसे बनाने में विभाग के कर्मचारियों को घंटों लग जाते हैं। अगर रात में फाल्ट हो गया तो वह दूसरे दिन बनता है। हालत यह है कि बिजली विभाग के कर्मचारियों की लापरवाही से पथरा फीडर के लोगों को चार से पांच घंटे बिजली मिल रही है। रमजान के इन दिनों में भी बिजली कटौती से उपभोक्ता बेहाल है। विभाग की बेरुखी से उनमें गुस्सा बढ़ता जा रहा है।
बिजली आपूर्ति का मौजूदा शेड्यूूल बेमतलब है। रमजान माह में भी पर्याप्त बिजली नहीं मिल रही है। भीषण गर्मी में बिना बिजली के गुजारा करना पड़ रहा है। आपूर्ति की स्थिति बदतर हो गई है। बैटरी, इंवर्टर, मोबाइल फोन भी चार्ज नहीं हो पा रहे। -मौलाना ओबैदुर्रहमान, बनगवा तिगोड़वा
रमजान माह में बिजली विभाग के कर्मचारियों की लापरवाही से 14 घंटे के स्थान पर कुल पांच से छह घंटा बिजली ही मिल रही है। इतनी कम बिजली से कोई काम नहीं हो पा रहा। बिजली आपूर्ति में सुधार नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा। -कमर काजमी, रामभारी
उमसभरी गर्मी के इस मौसम में बिजली व्यवस्था रुला रही है। लोकल फाल्ट के नाम पर अक्सर पूरी रात बिजली गायब रहती है। ऐसे में लोगों को रतजगा करना पड़ रहा है। दिन में तो बेचैन हैं ही रात में सुकून की नींद नहीं मिल पा रही। -दिनेश चंद्र गुप्ता
बिजली का शेड्यूल बेमतलब है। नाम मात्र की बिजली का कोई लाभ नहीं मिल पा रहा। शाम 6 से सुबह 5 व दिन में 12 से 3 बजे का शेड्यूल हो तो उपभोक्ताओं को राहत मिले। शेड्यूल बनाने के बाद उसे लागू भी किया जाना चाहिए। बिजली व्यवस्था न सुधरी तो आंदोलन करेंगे। -आत्माराम पटेल
जो बिजली कंट्रोल रूम से मिल रही है, उसे उपभोक्ताओं को दिया जा रहा है। लोकल फाल्ट पर बस नहीं है। खराबी होगी तो उसे दूर करने के लिए आपूर्ति बंद करनी ही होगी। वैसे व्यवस्था बेहतर बनाने का सतत प्रयास जारी है। -अजीत सिंह, जेई पथरा फीडर
---