गोशाला की व्यवस्था से रूबरू हुए डीएम, कड़े निर्देश
एसडीएम व बीडीओ की बैठक में गोशाला निर्माण व धनराशि की समीक्षा की
किसी भी स्तर पर लापरवाही मिली तो दंड मिलना तय
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। जनपद में विभिन्न विकास खंडों में स्थापित गोशाला में रखे गए निराश्रित पशुओं की देखभाल सुरक्षा एवं भूसा चारा आदि के संबंध में उपजिलाधिकारियों, खंड विकास अधिकारियों की बैठक हुई। इस मौके पर जिलाधिकारी ने कई अहम बिंदुओं पर निर्देश दिए।
कलेक्ट्रेट कार्यालय में सोमवार को हुई बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी दीपक मीणा ने गोशाला निर्माण तथा चारे-भूसे पर व्यय की गई धनराशि की समीक्षा की। एसडीएम एवं खंड विकास अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि जल्द से जल्द उपभोग प्रमाण पत्र उपलब्ध कराएं तथा निराश्रित गोवंश के संरक्षण के लिए सभी आवश्यक सुविधा उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें, इसके साथ ही जिलाधिकारी ने निर्देश दिया कि सभी पशुओं को गोशाला में रखें भूसा, हरा चारा, पानी आदि की समुचित व्यवस्था कराएं।
गोशाला में लेबर रखकर पशुओं की देखभाल कराएं। 15 दिन के अंदर पशुओं का डाटा उपलब्ध कराएं कि गोशाला में कितने पशु उपलब्ध हैं। गांव में किसानों को सरकार द्वारा उपलब्ध कराई जा रही अनुदान राशि देकर गायों को रखने के लिए प्रेरित करें। शासन द्वारा 9 सौ रुपये प्रतिमाह एक गाय रखने पर अनुदान राशि दी जा रही है। इसके अलावा आयुष्मान भारत योजना किसान सम्मान निधि योजना कन्या सुमंगला योजना के लाभार्थियों का फील्डिंग भी समय से कराएं जिससे लाभार्थियों को उसका लाभ प्राप्त हो सके। बैठक में मुख्य विकास अधिकारी हर्षिता माथुर, अपर जिलाधिकारी सीताराम गुप्ता समेत उपजिलाधिकारी सदर उमेश चन्द्र निगम, बांसी के शिवमूर्ति सिंह, शोहरतगढ़ के अनिल कुमार, डुमरियागंज के त्रिभुवन प्रसाद, इटवा के विकास कश्यप मौजूद रहे।