चिल्हिया। विद्युत निगम की लापरवाही से ढीला होकर लटक रहे हाईटेंशन तार की चपेट में आने से एक हाथी की मौत हो गई। घटना रविवार देर रात चिल्हिया थाना क्षेत्र के केसारा गांव के पास हुई। गुस्साए लोगों ने कंदवा बाजार के पास शोहरतगढ़-नौगढ़ मुख्य मार्ग को जाम कर दिया। करीब आधे घंटे तक लगे जाम से वाहनों की कतार लग गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को समझा-बुझाकर जाम खुलवाया। ग्रामीणों ने घटना के लिए विद्युत निगम को जिम्मेदार ठहराते हुए मुआवजे की मांग की है।
मोहाना थाना क्षेत्र के ग्राम पंचायत खलीलपुर के टोला गौहनिया से शोहरतगढ़ के परासपिंडा गांव में बारात आई थी। बारात में गौहनिया निवासी डॉ. रवि प्रकाश चौधरी की हाथी भी शामिल रही। द्वारपूजा के बाद दो महावत रहमान व सलमान हाथी लेकर लौट रहे थे। नहर के रास्ते वह गौहनिया की ओर जा रहे थे। रास्ते में रेलवे क्रॉसिंग के पास अचानक ट्रेन आने लगी। ट्रेन की आवाज सुनकर हाथी खेत में चला गया। अंधेरा होने के चलते खेत के ऊपर से गुजरा रहा हाईटेंशन तार हाथी के सिर में स्पर्श कर गया। करंट की चपेट में आने से मौके पर ही हाथी की मौत हो गई।
संयोग था कि दोनों महावत हाथी के ऊपर गद्दी लगाकर बैठे थे, जिससे करंट से बच गए। हालांकि नीचे गिरने से उन्हें हल्की चोट आई। महावतों ने घटना की सूचना ग्रामीणों को दी। उनके मुताबिक 11 हजार वोल्ट का तार नीचे लटक रहा था। हाथी मालिक डॉ. रविप्रकाश चौधरी ने इसकी सूचना डीएफओ व बिजली निगम के अफसरों को दी। सुबह घटना की जानकारी होते ही ग्रामीणों की भीड़ जुट गई।
हाथी की मौत से गुस्साए लोगों ने शोहरतगढ़-नौगढ़ मार्ग पर कंदवा बाजार के पास जाम लगा दिया। जाम की सूचना पर चिल्हिया पुलिस मौके पर पहुंची। प्रदर्शनकारियों से प्रशासनिक अफसरों से टेलीफोन पर वार्ता कराई। जांच कर कार्रवाई के आश्वासन के बाद जाम समाप्त हुआ। जाम का नेतृत्व कर रहे हियुवा नेता शैलेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि कई बार बिजली निगम के अफसरों को ढीले तार कसने के बारे में कहा गया, लेकिन उन्होंने कोई ध्यान नहीं दिया। उन्होंने मुआवजा देने की मांग की है। उधर, बिजली निगम के जेई अनिल कुमार यादव ने बताया कि घटना की जानकारी उच्चाधिकारियों को दी गई है। जांच के बाद आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। उधर, देर शाम पोस्टमार्टम के बाद हाथी का अंतिम संस्कार कर दिया गया।