शासन की सख्ती और सीबीआई जांच की चाबुक के बाद भी खनन का अवैध कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा है। खाकी की सरपरस्ती में खनन कारोबारी नदियों को खोखला करने में जुटे हुए हैं। मोहाना थाना क्षेत्र के कई गांवों में नदी तटों से बालू का अवैध खनन जोरों पर है, मगर जिम्मेदार इससे बेखबर है। नई सरकार की हिदायतों का भी कोई असर नहीं दिख रहा।
वैसे तो अवैध खनन का काम पूरे जनपद में फलफूल रहा है, लेकिन मोहाना थाना क्षेत्र के दलदलहा, महदेइयां, मुजहना, गुजरौलिया, गढ़मोर, रामनगर गांवों में खनन कारोबारियों के हौसले काफी बुलंद हैं। क्षेत्र से गुजरती कूड़ा और घोघी नदी खनन कारोबारियों के निशाने पर हैं। यहां हर रोज ट्रैक्टर-ट्रॉली से रात भर रेत निकाली जा रही है। दिन में यह काम साइकिल से होता है। बोरों में रेत भरकर साइकिल से तय ठिकाने तक पहुंचाते हैं और फिर पर्याप्त मात्रा होते ही उसे ट्रैक्टर ट्रॉली से भेज देेते हैं। खनन का यह अवैध खेल तब इस रूप में है, जब जिले में खनन की सीबीआई जांच हो रही है। स्थानीय पुलिस की सरपरस्ती से अवैध खनन में लिप्त लोग इससे पूरी तरह बेफिक्र हैं। इस संबंध में मोहाना एसओ अनिल कुमार पांडेय का कहना है कि खनन की जानकारी नहीं है। अगर खनन हो रहा है। तो गलत है। जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
मिट्टी लदीं तीन ट्रैक्टर ट्रॉलियां पकड़ीं
मिश्रौलिया । स्थानीय थाना क्षेत्र के मधवापुर गांव के पास से शनिवार की रात खनन अधिकारी ने अवैध खनन की मिट्टी लदी तीन ट्रैक्टर ट्रालियां पकड़ीं। दो ट्रॉलियों पर नंबर नहीं था। तीनों वाहनों को थाने में सुपुर्द कर दिया गया है। मुखबिर की सूचना के आधार पर खनन अधिकारी दिनेश कुमार ने शनिवार की रात साढ़े 12 बजे मधवापुर गांव के पास छापेमारी कर तीन ट्रैक्टर ट्रॉलियों को अवैध खनन की मिट्टी लेकर जाते पकड़ा। चालक के पास कोई दस्तावेज नहीं थे। पूछताछ के बाद तीनों वाहनों को थाने में खड़ा करा दिया गया। एसओ अखिलानंद उपाध्याय ने बताया कि खनन अधिनियम के तहत केस दर्ज कर कार्रवाई की जा रही है।