ढेबरुआ थाना क्षेत्र के एक गांव का है मामला, संदिग्धों से हो रही पूछताछ
अमर उजाला ब्यूरो
परसा। अफसर जहां की मौत सिर पर गंभीर चोट लगने से हुई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह बात सामने आई है। रिपोर्ट आने के बाद यह बात तो साफ हो गई कि उसके सिर पर किसी भारी वस्तु से प्रहार किया गया है। शव मिलने के 36 घंटे बाद भी पुलिस के हाथ खाली हैं। फिलहाल कुछ संदिग्धों से इस संबंध में पूछताछ की जा रही है।
खजुरिया शर्की गांव के खेत में गांव की अफसर जहां(17) पुत्री साजिद अली की शनिवार सुबह लाश मिली थी। पिता साजिद अली ने ढेबरुआ थाने पर गांव के ही जमीरुल्लाह व मो. कासिम उर्फ गामा व अरमान पुत्र महबूब निवासी जिगिना परसा थाना इटवा व यार मोहम्मद निवासी भोजवारी ग्रांट थाना ढ़ेबरुआ के खिलाफ बेटी को बहला-फुसला कर भगाने और जान से मारने की धमकी आरोप लगाते हुए तहरीर दी थी। इस आधार चारों के खिलाफ अपहरण का केस दर्ज हुआ था। लाश मिलने के लगभग 36 घंटे बाद भी हत्या के कारण व हत्यारे को लेकर उलझी गुत्थी सुलझी नहीं है। लोगों के अनुसार जब मृतका के पिता दोनों का निकाह करवाने को लेकर राजी थे तब फिर उसकी हत्या क्यों हुई। कहीं उसके हत्या के पीछे कोई और कारण तो नहीं। मृतका की लाश तीन-चार दिन पुरानी प्रतीत हो रही थी जब कि उसके घर से गायब हुए शनिवार की सुबह को छह दिन हो चुके थे। गत बुधवार को आरोपी के परिजनों ने पुलिस के दबाव में मृतका को तीन दिन में सौंपने का भी आश्वासन दिया था। उनका तीन दिन शनिवार को पूरा हो रहा था। जबकि लाश तीन दिन से अधिक की लग रही थी। प्रभारी थाना निरीक्षक आरबी सिंह ने कहा कि पुलिस आरोपियों की तलाश में लगी है। कुछ लोगों से पूछताछ भी हो रही है। शीघ्र ही मामले का खुलासा होगा।