भारतीय किसान यूनियन भानू गुट के कार्यकर्ता अपनी मांगों के समर्थन में दूसरे दिन भी धरने पर डटे रहे। विकास भवन परिसर में धरना पर बैठे कार्यकर्ताओं ने मांगों के समर्थन में नारे लगाए। अफसरों पर किसानों की उपेक्षा का आरोप मढ़ा।
धरने को संबोधित करते हुए जिलाध्यक्ष यार मोहम्मद चौधरी ने कहा कि मांगों का निस्तारण न होने तक धरना जारी रहेगा। कई ग्राम पंचायतों में इंदिरा आवास की लाभार्थी से प्रधान धन उगाही कर रहे हैं। आवास आवंटन में भी अनियमितता बरती जा रही है।
खेसरहा थाना के एक मामले में कंट्रोल रूम की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची। लेकिन पीड़िता पर समझौता करने का दबाव बना रही है। पंजीकृत मनरेगा श्रमिकों के लिए रोजगार दिवस सृजित किया जाए। विभाग के कुछ कर्मचारी रोजगार सृजन के लिए धन उगाही में लगे हुए हैं।
राशनकार्ड बनाने में विभाग मनमानी कर रहा है। नाम काटने से लेकर जोड़ने के लिए खुलेआम पैसा लिया जा रहा है। सभी मामलों की जांच कराकर कार्रवाई किया जाना चाहिए। धरने में राष्ट्रीय महासचिव कपिलदेव राय, प्रदेश महासचिव अरविंद सिंह, जिला महासचिव पंकज वर्मा ने भी पंचायत को संबोधित किया। इस दौरान विनोद कुमार चौधरी, निराला मौर्य, राजेश चौधरी, परमात्मा, सुखदेव चौरसिया, सीतल प्रसाद, भोला, रामअचल आदि मौजूद रहे।
इटवा। तहसील परिसर में भाकियू का तहसील परिसर में धरना शनिवार को छठे दिन भी जारी रहा। धरना प्रदर्शन की अगुवाई कर रहे संगठन के इटवा तहसील अध्यक्ष राकेश कुमार श्रीवास्तव ने बीएसए पर मनमानी का आरोप लगाते हुए कहा कि बीएसए कार्यालय से यूनियन को दी गई सूचना भ्रामक है।
उन्होंने विभागीय जिम्मेदारों पर अवैध विद्यालयों को संरक्षण देने का भी आरोप लगाया। बताया कि प्राथमिक विद्यालय महुआ खुर्द में पहले तैनात रसोइया रीना व सरिता का मानदेय आज तक नहीं भुगतान किया गया। उन्होंने कहा कि दो दिनों में इन समस्याओं का समाधान नहीं किया गया तो 24 मई को इटवा कस्बे के मुख्य चौराहे पर रोड जाम किया जाएगा। धरने में अब्दुल रहीम, छोटू उर्फ सौरभ, हाजी शरीफ हसन, कंचन देवी, सुुशीला देवी, ताहिरा, मंजू देवी, चंद्रबली, कमलेश्वरी, केवला देवी, रामरती, प्रहलाद, शुभावती आदि मौजूद रहे।