अभी झेलिए दुश्वारी, बिजली पोल शिफ्ट होने पर आएगी सड़क और नाली बनाने की बारी
सब हेड- खजुरिया, भीमापार और उसका मार्ग पर होना है सड़क और नाली निर्माण कार्य, अब पोल हटने तक करना होगा इंतजार
छह करोड़ से होना है निर्माण कार्य, ढ़ाई करोड़ रुपये आवंटित
पोल हटाने के लिए बिजली विभाग को नगर पालिका ने किया पत्रचार, हटाने के लिए धन मिलने पर ही आगे बढ़ेगा काम
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। शहर की सूरत बदलने और आवागमन को सुगम बनाने के लिए नगर पालिका और प्रशासन की ओर से खजुरिया, भीमापार में बुलडोजर चलवाकर अतिक्रमण मुक्त तो करवा दिया गया है। लेकिन अभी दुश्वारी कम नहीं हुई है। क्योंकि बिजली के पोल सड़क और नाली के निर्माण में बड़ी बाधा है। पोल के शिफ्ट होने के बाद ही सड़क और नाली का निर्माण हो पाएगा। ऐसे में शहर में आने वाले और शहर में निवासी करने वालों को समस्याओं से जूझना पड़ेगा। अभी पोल हटाए जाने के लिए नगर पालिका की ओर से पत्राचार किया गया है। जब बिजली निगम को धनराशि मिलेगा तभी हटाने की प्रक्रिया शुरू हो पाएगी।
शहर के खजुरिया मार्ग लाइफ लाइन कहा जाता है। इस मार्ग पर हजारों लोगों का नियमित आवागमन करते हैं। थाना, तहसील और विकास भवन जाने का यह मुख्य मार्ग है। लगभग डेढ़ किलोमीटर लंबी यह सड़क पूरी तरह से अतिक्रमण की गिरफ्त में थी। एक साथ दो वाहन नहीं निकल पाते थे। सड़क पर अवैध रूप से कब्जा था। प्रशासन की जांच में अवैध कब्जा करने की पुष्टि भी हुई। शहर की सूरत बदलने और आवागमन में सुगम बनाने के लिए लगभग डेढ़ माह पहले प्रशासन की ओर से बुलडोजर चलवाकर अतिक्रमण मुक्त करवा दिया। इसके बाद सड़क और दोनों तरफ नाली बनाया जाना था। बदहाल हो चुके इस मार्ग पर जो मोहल्ले हैं, वहीं के लोग विवशता में जाते हैं। दहाल सड़क पर बह रहे नाली के पानी ने निवासियों की और मुसीबत बढ़ा दी है। सड़क और नाली निर्माण पर छह करोड़ रुपये खर्च होना है। इसमें दो करोड़ रुपये से अधिक बजट भी आ गया है। लोग सोच रहे थे कि जल्द ही निर्माण शुरू हो जाएगा। लेकिन बिजली के पोल इसमें बड़ी बाधा बनकर खड़ा हो गए हैं। सारे पोल दायरे में आ गए हैं। जिन्हें हटाए बिना निर्माण कार्य नहीं हो सकता है। इस मार्ग पर 100 से अधिक बिजली के पोल दायरे में आ रहे हैं। बिजली विभाग से जुड़े लोगों के मुताबिक इस पोल को हटाने और तार सही करने में कम से कम 20 दिन का वक्त लग जाएगा। अभी विभाग की ओर से बिजली निगम को पत्राचार किया गया है। धनराशि का भुगतान होने के बाद ही बिजली निगम हटाने की प्रक्रिया आगे बढ़ा सकता है।
भीमापार में भी निर्माण पर ग्रहण
एक माह पहले ही भीमापार में सड़क और नाली निर्माण के लिए नगर पालिका की ओर से पहल गई तो अवैध निर्माण बाधा बन रहा था। प्रशासन की ओर से अतिक्रमण को हटवा दिया गया है। पर सड़क और नाली का निर्माण तभी संभव है, जब बिजली के पोल वहां से हट जाएं। बिजली के पोल नहीं हटने तक कार्य नहीं शुरू हो पाएगा। ऐसे इस मार्ग निर्माण में भी लंबा वक्त लगेगा, तबतक इस मार्ग से आने-जाने वाले और मोहल्ले के लोगों को कीचड़ से होकर गुजरना होगा है। क्योंकि अभी तक यहां भी बिजली के पोल हटाने की प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। 50 से अधिक बिजली के पोल यहां भी शिफ्ट करना पड़ेगा।
उसका मार्ग पर हटना है पोल
नगर शहर से होकर उसका जाने वाले मार्ग के चौड़ीकरण में बिजली के पोल कारण बन रहा है। कई स्थानों पर तो सड़क को चौड़ी कर दी गई, लेकिन बिजली के पोल बीच में आ गए हैं। कुछ स्थानों पर बिजली के पोल होने के कारण काम आगे नहीं बढ़ पा रहा है। इस मार्ग पर 100 से अधिक पोल दायरे में आए हैं। उन्हें हटाने के लिए बहुत पहले ही नगर पालिका की ओर से पत्राचार किया गया था। जितना बजट मिला, उस हिसाब से काम हो गया है। धनराशि नहीं मिलने से पोल नहीं हट सके, जो आज हादसे के कारण बन रहे हैं।
एक बिजली के पोल हटाने का 35 हजार खर्च
बिजली के पोल हटाने और बिजली व्यवस्था को उसी प्रकार से बहाल करने के लिए धनराशि देनी पड़ती है। इसके बाद पोल हटाया जाता है। बिजली निगम के लोगों के मुताबिक एक पोल को हटाने का खर्च 35 हजार रुपये सरकारी खर्च आता है। तीन मार्ग पर ढ़ाई सौ से अधिक बिजली के पोल शिफ्ट होना है। यानी नगर पालिका को हटवाने के लिए लगभग 90 लाख रुपये खर्च आएगा। साथ ही तीनों मार्ग पर हटाने और फिर बिजली आपूर्ति सही करने में एक माह से अधिक का वक्त लग जाएगा।
बोले लोग
सड़क चौड़ीकरण होने से आवागमन सुगम होगा। यह सही है, लेकिन पूरी प्लानिंग करके काम शुरू किया जाना चाहिए है, जिससे बीच में रुक नहीं। अतिक्रमण हटाने के बाद सड़क अस्त व्यस्त हो गई। डेढ़ माह हो गया अभी तक निर्माण शुरू नहीं हुआ है। जिससे लोगों को परेशानी हो रही है।
अजय उपाध्याय, नगर निवासी
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सड़क की ऐसी हालत हो गई है कि लोग जाने से कतरा रहे हैं। नाली का पानी और गड्डे दर्द देने लगे हैं, जिनता जल्दी अतिक्रमण हटाने में किया गया। उतनी तेजी से काम होता तो सही था। अब समस्या झेलने के लिए छोड़ दिया गया है।
दीनानाथ, नगर निवासी
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कोट
नगर पालिका की ओर बिजली के पोल हटाए जाने के संबंध में पत्र मिला है। इसका सर्वे करवाया जाएगा। इसके बाद आगे की कार्यवाही शुरू की जाएगी।
-अजय कुमार, एसई विद्युत निगम
कोट
सड़क और नाली निर्माण कराया जाएगा। बिजली के पोल सड़क में आ रहे हैं। विभाग को पत्राचार किया गया है। पोल हटाए जाने के बाद सड़क और नाली का निमार्ण करवाया जाएगा।
-विंध्याचल, ईओ नगर पालिका परिषद सिद्धार्थनगर
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श्याम सुंदर तिवारी
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