सिद्धार्थनगर। सरकारी अस्पतालों में उपलब्ध साधन व संसाधन की उपलब्धता के साथ ही मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं की हकीकत जानने के लिए औचक निरीक्षण का अभियान शुरू किया जाए। इस दौरान हर बिंदुओं पर पैनी नजर रखते हुए वास्तविक रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इस कार्य में सतर्कता बरतने की आवश्यकता है।
यह बात जिलाधिकारी कुणाल सिल्कू ने कही। वह शनिवार को कलेक्ट्रेट सभागार में परामर्शदाता राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन लखनऊ अभिषेक सोनी, प्रोग्राम कोऑर्डिनेटर वेदप्रकाश की उपस्थिति में बैठक को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने चिकित्सा भवन के सामान्य रख-रखाव, रंगाई- पुताई, सफाई, शौचालय, गार्डेनिंग क्लीनिंग, लॉन्ड्रिंग मद की धनराशि की उपलब्धता, ओपीडी व दवा वितरण आदि की समीक्षा की। अंत में उपजिलाधिकारियों को सभी पीएचसी, सीएचसी का औचक निरीक्षण करने के निर्देश दिए। वहीं, रिपोर्ट उपलब्ध कराने की अपेक्षा की।
एडीएम प्रमोद शंकर शुक्ल, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सौम्या पांडेय, उपजिलाधिकारी नौगढ़ उमेश चंद्र निगम, बांसी प्रबुद्ध सिंह, इटवा त्रिभुवन, डुमरियागंज राजेंद्र प्रसाद, शोहरतगढ़ अनिल कुमार, अपर उपजिलाधिकारी अजीत कुमार जायसवाल, अपर मुख्य अधिकारी डॉ. डीके चौधरी व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
लक्ष्यपूर्ति के लिए डीएम ने दी हिदायत
सिद्धार्थनगर। अभियोजन, कर-करेत्तर एवं राजस्व की समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सेमिनार हाल में जिलाधिकारी कुणाल सिल्कू की अध्यक्षता में बैठक संपन्न हुई। डीएम ने स्टांप निबंधन, बिक्री कर, सहायक संभागीय परिवहन अधिकारी को शत-प्रतिशत उपलब्धि पूर्ण करने का निर्देश दिया। तहसील नौगढ़, इटवा, बांसी की वाद निस्तारण की स्थिति ठीक न पाए जाने पर कड़ी नाराजगी व्यक्त की गई। अपर जिलाधिकारी प्रमोद शंकर शुक्ल, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट सौम्या पांडेय, उपजिलाधिकारी नौगढ़ उमेश चंद्र निगम आदि अधिकारी मौजूद रहे।