शहर में जाम लगने के कारण रास्ता बदलकर आते-जाते लोग।
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सिद्धार्थनगर। नगर अतिक्रमण की जद में है। अतिक्रमण के चलते यहां हर समय शहर की रफ्तार थम जाती है। लोग घंटों तक जाम में फंसकर पसीना बहाते हैं। समय की बर्बादी भी होती है। अतिक्रमण का आलम यह है कि रात में 40 फीट दिखने वाली सड़क सुबह 20 फीट में सिकुड़ जाती है। जिम्मेदार बढ़ते अतिक्रमण की समस्या से निजात दिलाने के लिए गंभीर नहीं हैं। शहर के मुख्य मार्ग से लेकर हर गली अतिक्रमण की चपेट में है। कारण दुकानदार दुकान का अधिकांश सामान पटरियों पर रख देते हैं। इसके आगे ठेले लगते हैं। नतीजा सड़क की पटरियां दिन में गुम हो जाती हैं।
ऐसे में एक भी बड़ा वाहन इस मार्ग से गुजरता है तो जाम की स्थिति बन जाती है। हर रोज लोगों को घंटों जाम से जूझना पड़ रहा है। इसी मार्ग पर बैंक, बाजार सहित अन्य प्रमुख प्रतिष्ठान हैं। ऐसे में भीड़ हमेशा अधिक होती है। जाम के चलते स्थिति और भयावह हो जाती है। जिस कारण लोगों को घंटो मशक्कत उठानी पड़ती है। जाम की समस्या से व्यथित नगर निवासी विक्की कसौधन कहते हैं हर अतिक्रमण के कारण सड़क सिकुड़ती जा रही है। जिस कारण यहां हमेशा जाम की समस्या बरकार है। लोगों को हमेशा जाम से परेशान होना पड़ रहा है। जिम्मेदार समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं।
स्टेशन रोड पर रहने वाले हरवीर सिंह कहते हैं शहर में हर सड़कों पर जाम रहता है। जिस कारण आवागमन में कठिनाई होती है। सबसे अधिक जाम ट्रेन आने पर रेलवे क्रॉसिंग बंद होने से लगता है। सड़क के किनारे अतिक्रमण को हटाने की जरुरत है। नगर निवासी गुरदीप सिंह व सोनू कहते हैं कि पुलिस के कभी-कभी अतिक्रमण हटवाती है, मगर वह चंद समय तक ही रहता है। अतिक्रमण के कारण शहर में हर समय जाम जैसे हालात बना रहता है। जिम्मेदार समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं। इस संबंध में एसओ शादाब खान ने कहा कि अतिक्रमण हटवाने के लिए एसडीएम व नगर पालिका के साथ मिकलर जल्द ही अभियान चलाया जाएगा।