भिनगा स्थित काली मंदिर में पूजा करते श्रद्धालु।
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श्रावस्ती। चैत्र नवरात्र के पांचवे दिन सोमवार को मां स्कंदमाता की आराधना की गई। सुबह से ही मंदिरों में घंटे, घरियाल व शंख की ध्वनि सुनाई देने लगी। दर्शन-पूजन के लिए श्रद्धालुओं की देवी मंदिरों में भीड़ लगी रही।
भिनगा स्थित राजर्षि काली मंदिर में सुबह से ही श्राद्धालुओं की लाइन लग गई। हर कोई माता की प्रथम आरती में शामिल होने व उनके दर्शन प्राप्त करने के लिए आतुर दिखा। पंडित राधेश्याम पांडेय ने बताया कि नवरात्र के पांचवे दिन स्कंदमाता की पूजा की जाती है। भगवान कार्तिकेय का एक नाम स्कंद भी है। इसलिए स्कंद की माता होने से माता पार्वती के पांचवे स्वरूप को स्कंदमाता के नाम से पूजा जाता है। इनकी आराधना से भक्तों को संतान सुख प्राप्त होता है। इसी तरह से जिले के अन्य देवी मंदिरों में भी विधि विधान से पूजा की गई।