बहराइच। शहर के काजीपुरा स्थित नवाब साहब के इमामबाड़ा में मजलिस का आयोजन किया गया। इसमें कर्बला की जंग के मसाइब बयां किए गए। इसे सुनकर अजादारों की आंखें नम हो गईं। मजलिक की शुरुआत इमाम हुसैन की शान में कसीदा पढ़कर की गई। इसके बाद दिल्ली से आए मौलाना जीशान हैदर रिजनी ने पढ़ा कि कर्बला के मैदान में पैगंबर मोहम्मद साहब के नवासे हजरत इमाम हुसैन व उनके साथियों को जालिम यजीद ने धोके से बुलाया और वहीं जंग शुरू कर दी। कई दिनों तक चली जंग के बाद इमाम हुसैन व उनका पूरा खानदान शहीद हो गया। मजलिस के बाद अंजुमन कासिमिया रजिस्टर्ड की अगुवाई में नौहाख्वानी व सीनाजनी की गई। इस मौके पर इकराम हैदर, डॉ. लाडले हुसैन, सगीर इमाम रिजवी, शफदर हुसैन, समर अब्बास, सैयद अली अब्बास जाफरी, फिरोज हैदर, आफताब हैदर, शादाब हुसैन, महमूद हसन जाफरी, कल्बे अब्बास, अबरार हुसैन आदि मौजूद रहे। (संवाद)