राप्ती नदी पर बना राहत का पुल
श्रावस्ती जिले में हुए विकास कार्यों में राप्ती नदी पर बना पुल लोगों के लिए बड़ी राहत साबित हुआ है। इसको लेकर स्थानीय लोगों से बातचीत की गई। स्थानीय निवासी चिनकूराम विश्वकर्मा ने बताया कि पुल बनने से लोगों को काफी सुविधा हुई है। पहले नदी पार करने के लिए नाव का सहारा लेना पड़ता था। स्थानीय निवासी राजबली ने बताया कि बाढ़ के समय लोग नदी के दोनों किनारों पर फंस जाते थे और दूसरे छोर तक पहुंचना बेहद मुश्किल हो जाता था। अब पुल बनने के बाद लोग मात्र दस मिनट में नदी पार कर लेते हैं।
बुद्ध की तपोस्थली को नई पहचान
श्रावस्ती भगवान बुद्ध की तपोस्थली के रूप में विश्वभर में प्रसिद्ध है। इस विषय पर भी स्थानीय लोगों और पर्यटकों से बातचीत कर जमीनी स्थिति को समझने का प्रयास किया गया। स्थानीय निवासी प्रवीण कुमार बौद्ध ने बताया कि यहां देश और विदेश से बड़ी संख्या में पर्यटक आते हैं। उन्होंने कहा कि मौजूदा सरकार ने श्रावस्ती के विकास पर विशेष ध्यान दिया है, जिससे कई महत्वपूर्ण कार्य हुए हैं।
बौद्ध भिक्षु भौरानन्द ने बताया कि यहां थाईलैंड, तिब्बत, जापान, नेपाल समेत कई देशों से पर्यटक पहुंचते हैं। पहले की तुलना में अब पर्यटकों की संख्या काफी बढ़ी है। पर्यटक मुकेश ने बताया कि पार्क, सड़क और अन्य सुविधाओं में काफी सुधार हुआ है, जिससे आने वाले लोगों को सुविधा मिल रही है। सीमा बौद्ध ने कहा कि श्रावस्ती में विकास कार्यों की रफ्तार बढ़ी है और पर्यटन को भी नया प्रोत्साहन मिला है।
सरकारी स्कूलों की बदलती तस्वीर
अमर उजाला की टीम श्रावस्ती जिले के पीएम श्री उच्च प्राथमिक विद्यालय कटरा गुलरिया पहुंची और वहां की शिक्षा व्यवस्था को समझने का प्रयास किया। विद्यालय के प्रभारी प्रधानाध्यापक नीलमणि शुक्ला ने बताया कि स्कूल में छात्रों के लिए सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हैं। यहां प्रयोगशाला, आधुनिक शिक्षण कक्ष, खेलकूद की सुविधाएं तथा चार स्मार्ट क्लास संचालित हैं।
अभिभावक छैल बिहारी ने बताया कि उनके दो बच्चे इस विद्यालय से पढ़कर आगे बढ़ चुके हैं और वर्तमान में भी परिवार के बच्चे यहां शिक्षा प्राप्त कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि पहले की तुलना में स्कूल में काफी सुधार हुआ है। अभिभावक रेखा ने बताया कि अब बच्चों की पढ़ाई बेहतर तरीके से हो रही है। वहीं ग्रामीण सिद्दिनाथ जायसवाल ने कहा कि पहले विद्यालय की स्थिति काफी खराब थी, लेकिन अब बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है और बच्चों की पढ़ाई अच्छी तरह चल रही है।