राप्ती नदी में हो रहे कटान की भेंट चढ़ा प्राथमिक विद्यालय नारायनपुर। -संवाद
श्रावस्ती/इकौना। ग्राम पंचायत भुतहा में राप्ती ने कटान तेज कर दिया है। मंगलवार रात से बुधवार सुबह तक नदी की क्रूर लहरों ने सात घरों व 50 बीघा कृषि योग्य जमीन को लील लिया। नदी तेजी से कटान करती हुई गांव के अस्तित्व को खत्म करने को आतुर है। गिलौला के नरायनपुर में भी तेजी से कटान हो रहा है। नरायनपुर में खेतों के साथ-साथ प्राथमिक विद्यालय का आधा भवन काट डाला है।
इकौना विकासखंड क्षेत्र की ग्राम पंचायत भुतहा में राप्ती नदी का तांडव लगातार जारी है। नदी तेजी से कटान करते हुए गांव की ओर बढ़ रही है। इससे ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। ग्रामीण नुकसान कम करने के लिए अपने हाथों से अपना आशियाना तोड़कर मलबा ट्रैक्टर-ट्रॉली से सुरक्षित स्थान पर पहुंचा रहे हैं। यही नहीं फलदार पेड़ों को भी काटकर लकड़ी सुरक्षित कर रहे हैं।
क्षेत्रीय लेखपाल शिवपूजन ने बताया कि बुधवार तक नदी ने ग्रामीण रामनिवास, जयप्रकाश, शिवराम, पृथ्वीराज, स्वामीनाथ, सिद्धनाथ व सर्वजीत के घरों को काटकर समाहित कर लिया। 50 बीघा खेती योग्य जमीन भी कटी है। गांव के एक दर्जन घर व प्राथमिक विद्यालय कटान के जद में हैं।
कटान की सूचना पर बुधवार को तहसीलदार इकौना आनंद सिंह ने राजस्व टीम के साथ गांव का जायजा लिया और ग्रामीणों से बातचीत की। तहसीलदार ने बताया कि कटान पर नजर बनाए हैं, क्षति का आकलन कर ग्रामीणों को मुआवजा दिलाया जाएगा।
सड़क किनारे छप्पर डालने लगे ग्रामीण
राप्ती के कटान के जद में आए ग्रामीण गांव आने वाली सड़क के किनारे अपना अस्थायी आशियाना बना रहे हैं। बुधवार को आधा दर्जन से अधिक ग्रामीणों को छप्पर बनाते देखा गया। वहीं जिनका छप्पर बन चुका था, उन्हें छप्पर को बांस-बल्ली के आशियाने के रूप में तब्दील करते देखा गया।