श्रावस्ती। कार्यालयों में कर्मचारियों की उपस्थिति शत प्रतिशत नहीं हो रही है। इसका खुलासा डीएम की ओर से लगातार किए जा रहे औचक निरीक्षण में हो रहा है। बुधवार को हुए निरीक्षण में लोक निर्माण विभाग के नौ कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इस पर उन्होंने सभी का एक दिन का वेतन रोकने का आदेश दिया है। वहीं कार्यालय में अभिलेखों के रखरखाव से लेकर स्वच्छता तक में कई खामियां देखने को मिली। इस पर डीएम ने नाराजगी जताई। अधिशासी अभियंता को व्यवस्था में तत्काल सुधार लाने का निर्देश दिया है।
सरकारी कार्यालय में कर्मचारी समय पर नहीं आते हैं तो कुछ एडवांस में हस्ताक्षर बना कर गायब रहते हैं। इसका खुलासा डीएम टीके शिबू की ओर से किए जा रहे कार्यालयों के औचक निरीक्षण में हो रहा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए डीएम अब इस मामले को लेकर सख्त भी होते जा रहे हैं। पहले जहां केवल चेतावनी देकर लोगों को समय पर आने को कहा गया, वहीं अब उनका वेतन काटने का निर्देश भी दिया जा रहा है। इसी प्रकार बुधवार को डीएम ने लोक निर्माण विभाग कार्यालय का औचक निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान नौ कर्मचारी अनुपस्थिति मिले। अनुपस्थिति कर्मचारियों में मोहम्मद नईम उर्दू अनुवादक, कार्तिकेय सिंह वरिष्ठ सहायक, मोहम्म्द जाबिर खान वरिष्ठ सहायक, कन्हैया प्रसाद वरिष्ठ सहायक, शिवदीन वैक्तिक सहायक, संचित कुमार चपरासी, तुलसीराम चौकीदार, इमाम अली व आकर्ष वेलदार मौके पर अनुपस्थित पाए गए। निरीक्षण के दौरान ही शिवदीन देर से कार्यालय पहुंच गए। इस पर डीएम ने सभी अनुपस्थित कर्मचारियों का एक दिन का वेतन काटने का निर्देश दिया।
निरीक्षण के दौरान कार्यालय की साज सज्जा, रखरखाव एवं बेतरतीब ढंग से मेज लगी मिलने पर डीएम ने नाराजगी जताते हुए अधिशासी अभियंता को तत्काल व्यवस्था सुधारने का निर्देश दिया। वहीं अलमारी में रखी फाइलों को सूचीबद्ध कर प्रत्येक अलमारियों में इंडेक्स चस्पा करने का भी निर्देश दिया। कार्यालय परिसर का निरीक्षण करने के दौरान साफ सफाई दुरुस्त न पाए जाने पर भी डीएम ने तत्काल कार्यालय परिसर के साथ ही बाहर गेट से लेकर मुख्यमार्ग तक झाड़ी को कटवाकर सफाई कराने का निर्देश दिया।
इस दौरान जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता प्रधानमंत्री ग्रामीण आवास योजना के कार्यालय का भी निरीक्षण किया। यहां भी साफ सफाई ढंग से न पाये जाने पर तथा कार्यालय की साज सज्जा भी व्यवस्थित न मिलने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जताते हुए संबंधित अभियंता को तत्काल सुधार लाने का निर्देश दिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सभी पटलों का मुआयना भी किया। पटल सहायकों को बेहतर ढंग से कार्य करने का निर्देश दिया।