श्रावस्ती। पराली जलाने वाले किसानों के खिलाफ जिला प्रशासन ने कार्रवाई शुरू कर दी है। जिले में पराली जलाने वाले 62 किसानों पर प्रशासन ने दो लाख बारह हजार पांच सौ रुपये का जुर्माना लगाया है। प्रशासन की सूची में सबसे अधिक जमुनहा तहसील तो सबसे कम इकौना के किसान शामिल हैं। किसानों पर यह कार्रवाई लेखपालों की रिपोर्ट के आधार पर की गई है।
फसल अवशेष जलाने वाले किसानों को अब आर्थिक दंड भी मिलना शुरू हो गया है। इस आर्थिक दंड की पहली सूची प्रशासन ने जारी कर दी है। जारी सूची के अनुसार प्रशासन ने पराली जलाने पर 62 लोगों पर कार्रवाई करते हुए उनके ऊपर दो लाख बारह हजार पांच सौ रुपये का अर्थदंड लगाया है।
इसमें भिनगा तहसील के नौ, जमुनहा के 48 व इकौना के कुल पांच किसान शामिल हैं। भिनगा तहसील के जानकी नगर, लक्ष्मनपुर बाजार, रामपुर जब्दी शाहपुर पूरेदीन, जमुनहा के कलकलवा, बैदौरा, गौसपुर, फुलवरिया शाहपुर, महरू मुर्तिहा, सिटकहना, महदेवा, जोगिया, खांवा पोखर, तिवारी गांव, दिकौली, लखाही खास, बरदेहरा भारी, अकारा, मोहरनिया, फतुहापुर, नेवरिया, चंदर्खा बुजुर्ग, पिपरी, तुलसीपुर, बभनपुरवा, शिवपुर भागड़ व बरदगहा के ग्रामीणों पर जुर्माना लगाया गया है।
वहीं इकौना तहसील के इकौना देहात, कटरा व खरगूपुर के किसानों पर भी पराली जलाने पर जुर्माना लगाया गया है। इन किसानों पर रकबे के अनुसार ढाई व पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इस संबंध में अपर जिलाधिकारी योगानंद पांडेय ने बताया कि पराली जलाने वाले किसानों की सूची की रिपोर्ट हल्का लेखपाल ने कृषि विभाग को उपलब्ध कराई थी। इस सूची का सत्यापन कृषि विभाग ने किया है। इसके बाद यह कार्रवाई की गई है।