श्रावस्ती। सिरसिया के बालापुर में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन से गठित स्वयं सहायता समूह की ओर से ड्रैगन फ्रूट की खेती की जा रही है। इसके साथ ही मुर्गी पालन भी कराया जा रहा है। इसका शनिवार को डीएम व सीडीओ ने स्थलीय निरीक्षण किया। इसके बाद अधिकारियों ने लोगों को इस खेती से जुड़ कर फायदा उठाने की सलाह भी दी।
सिरसिया के ग्राम बालापुर में राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के सहयोग से तुलसी स्वयं सहायता समूह का गठन किया गया था। समूह में शामिल सदस्यों की ओर से मुर्गी पालन सहित ड्रैगन फ्रूट की खेती की जा रही है। इसका जायजा लेने के लिए शनिवार को जिलाधिकारी यशु रुस्तगी मुख्य विकास अधिकारी अवनीश राय के साथ बालापुर पहुंची। जहां उन्होंने इसका स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान जिलाधिकारी ने स्वयं सहायता समूह की महिलाओं से कहा कि वह पूरे मनोयोग से कार्य करके अपने समूह को और आगे बढ़ाएं।
साथ ही लोगों को भी इसके लिए प्रेरित करें। ड्रैगन फ्रूट की खेती निश्चित ही लाभदायक है। जरूरत इस बात की है कि लोगों को इस खेती के प्रति जागरूक किया जाए। इसके साथ ही उन्हें खेती की विधि भी बताई जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इस खेती को करके और लोगों को जोड़ें। जिले के अन्य किसान भी इससे जुड़कर फायदा उठाएं ताकि वह आत्मनिर्भर बन सके। इस दौरान समूह की अध्यक्ष चंद्रकला, डीसी एनआरएलएम भरत मिश्रा, प्रबंधक अखिलेश आदि मौजूद रहे।