श्रावस्ती। फोन पर मुंबई से पहले तीन तलाक दिया। महिला ने पुलिस में शिकायत की तो मुकदमा दर्ज करने के बजाय पुलिस ने हलाला के लिए समझौता करा दिया। पति ने घर ले जाकर पांच साल की बेटी के सामने मिट्टी का तेल डालकर आग लगा दी। जिससे उसकी मौत हो गई।
भिनगा कोतवाली के गड़रा गांव में घटी इस घटना की चश्मदीद गवाह पांच वर्ष की बेटी ने पिता व बाबा पर मारने पीटने व बुआ पर केरोसिन डालने का आरोप लगाया है। वहीं थाने में हलाला के लिए समझौता कराने को लेकर भिनगा पुलिस भी सवालों के घेरे में आ गई है।
भिनगा कोतवाली क्षेत्र के ग्राम गड़रा निवासी रमजान ने अपनी पुत्री सईदा (22) का विवाह करीब छह वर्ष पूर्व गांव के ही नफीस के साथ किया था। जिससे उसके एक बेटी व एक बेटा है। कुछ दिन पूर्व नफीस कमाने के लिए मुंबई चला गया था। जहां फ़ोन पर किसी बात को लेकर नफीस का सईदा से विवाद हुआ।
आवेश में आकर नफीस ने सईदा को छह अगस्त को फोन पर ही तीन तलाक दे दिया। सईदा ने इसे मानने से इनकार करते हुए पति के खिलाफ भिनगा कोतवाली पुलिस से शिकायत की। पुलिस ने कोई कार्रवाई करने के बजाए हलाला के लिए समझौता करा कर सईदा को उसके पति नफीस के साथ भेज दिया।
शुक्रवार को जुमे की नमाज के बाद नफीस ने घर आकर सईदा पर हलाला कराने का दबाव बनाने लगा। सईदा ने इसके लिए स्पष्ट इनकार कर दिया। इससे नाराज नफीस ने परिवारी जनो के साथ मिलकर सईदा को मारपीट कर जिंदा जला दिया। यह पूरी घटना सईदा के पांच वर्षीय बेटी फातिमा देख रही थी।
फातिमा ने बताया की उसके पिता व बाबा उसकी मां को मार रहे थे जबकि उसकी बुआ गुड़िया उसकी मां पर केरोसिन डाल रही थी। घटना के बारे में मृतका के पिता रमजान ने बताया की कोतवाली भिनगा में पुलिस ने हलाला के लिए समझौता कराया था। इसी समझौते के बाद उसने सईदा को ससुराल भेजा था। जहां उसके पति, पिता व ननद ने उसे जला कर मार डाला। घटना के बाद से आरोपी व उसके परिवारीजन फरार हैं।
एसपी आशीष श्रीवास्तव ने कहा कि जब तीन तलाक ही अवैध हो चुका है। इसके बाद हलाला का कोई मामला कैसे हो सकता है। कोतवाली में हलाला के लिए समझौता कराए जाने की जानकारी नहीं है। इसकी जांच अलग से कराई जाएगी। जबकि पिता की तहरीर पर मामला दर्ज कर आरोपियों की तलाश की जा रही है।