सीमा हैदर प्रकरण के बाद सीमावर्ती गांवों में ऑपरेशन कवच
दो माह में जुटाई जाएगी 72 गांवों में रहने वालों की जानकारी
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रावस्ती। सीमा हैदर के नेपाल के रास्ते भारत में घुसने के बाद चेती सुरक्षा एजेंसियां अब संदिग्धों की तलाश में आपरेशन कवच चला रही हैं। इसके माध्यम से सीमावर्ती क्षेत्र के दस किमी दायरे में बसे गांवों में रहने वाले संदिग्धों को चिह्नित किया जाएगा।
ऑपरेशन के दौरान अब तक हुई जांच पड़ताल में सामने आया है कि सीमा क्षेत्र के गांवों में रहने वाले भारतीय को मजबूरी में बातचीत के लिए नेपाली सिम का इस्तेमाल करना पड़ रहा है। इसी कारण जांच के दौरान खुफिया एजेंसी इसके नेटवर्क को नहीं पकड़ पा रही हैं। पूरे सीमा क्षेत्र में भारतीय टेलीकॉम कंपनियों का कोई भी नेटवर्क टावर मौजूद नहीं है।
सीमा के दस किलोमीटर दायरे में बसे 72 गांवों में संचालित ऑपरेशन कवच के दौरान अवैध तरीके से रहने वालों की खोज की जा रही है। इस दौरान जांच एजेंसी गांव में रहने वाले, गांव से बाहर जा कर बसने वाले व विदेश से आ कर बसने वालों का पूरा लेखाजोखा तैयार कर रही है।
यह सर्वे सीमावर्ती क्षेत्र में चुपके से आकर बसने वालों का पता लगाने के लिए किया जा रहा है। इस सर्वे में नेपाल से आकर भारत में बसे परिवारों की संख्या व उसका विवरण, नेपाल में जाकर बसे परिवारों की संख्या तथा उनका विवरण, नेपाल के अतिरिक्त अन्य देशों से आकर बसे परिवारों का विवरण, नेपाल के अतिरिक्त अन्य देशों में जाकर बसे लोगों का विवरण, जुटाया जा रहा है।
सीमावर्ती क्षेत्र में कोई भी भारतीय टॉवर नहीं
विदेशियों के बारे में जानकारी एकत्र करने के लिए सीमा क्षेत्र के गांवों में चौपाल लगा सूचना जुटाई जा रही है। चौपाल में ग्रामीणों को विश्वास में लेने के लिए पुलिस तथा शासन की योजनाओं की जानकारी भी दी जा रही है। सीमावर्ती गांवों में बसे लोगों का कहना है कि बार्डर पर भारतीय क्षेत्र में भारतीय टेलीकॉम कंपनियों का कोई भी टावर उपलब्ध नहीं है। इस लिए वह नेपाली सिम का प्रयोग करने को विवश होते है।
72 गांव क्षेत्रों में जुटाई जा जानकारी
भारतीय सीमा क्षेत्र में ऑपरेशन कवच चलाया जा रहा है। इस ऑपरेशन के तहत नेपाल सीमा से दस किलोमीटर क्षेत्र में बसे 72 गांवों में पुलिस वहां रहने वाले लोगों को रिकॉर्ड तलाश कर रही है। जबकि आम लोगों को विश्वास में लेने के लिए चौपाल का आयोजन भी किया जा रहा रहा है। प्राची सिंह एसपी