बहराइच। केंद्र सरकार के बजट में बहराइच से पड़ोसी देश नेपाल तक बड़ी रेल लाइन बनाने के लिए 50 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। अभी तक छोटी लाइन होने के चलते इस रूट पर सिर्फ एक पैसेंजर ट्रेन ही चलती है। वहीं बहराइच से लेकर श्रावस्ती व बलरामपुर तक भी करीब 80 किलोमीटर रेल लाइन बनेगी इसके लिए 390 करोड़ रुपये बजट का प्रावधान है।इस समय बहराइच से ट्रेन की सुविधा न के बराबर है। बीते साल एक इंटरसिटी ट्रेन शुरू हुई थी लेकिन वह चार माह से बंद है। इस समय सिर्फ लखीमपुर से चलने वाली मैलानी पैसेंजर का ही संचालन हो रहा है। ऐसे में नेपाल से लेकर आसपास के जिले के लोगों को यदि यात्रा करनी है तो सिर्फ रोडवेज बस व निजी वाहनों का ही सहारा है। बहराइच से नेपाल सीमा व लखीमपुर तक जो लाइन है वह भी छोटी लाइन होने के चलते उस पर एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन नहीं हो पाता। लेकिन अब बहराइच से नेपाल सीमा तक करीब 56 किलोमीटर लाइन को बड़ी रेल लाइन बनाने का काम शुरू किया जाएगा। इससे आने वाले समय में नेेपाल सीमा से एक्सप्रेस ट्रेनों का संचालन हो सकेगा। इससे नेपाल समेत के हजारों यात्रियों को ट्रेन सुविधा का लाभ मिल सकेगा।
बहराइच से लेकर रुपईडीहा स्थित नेपालगंज रेलवे स्टेशन के बीच पांच स्टेशन पड़ते हैं। इनमें रिसिया, मटेरा, नानपारा, बाबागंज और रुपईडीहा शामिल हैं। इन सभी स्टेशन से अभी तक सिर्फ मैलानी पैसेंजर ही गुजरती है। लेकिन बड़ी लाइन होने से यहां अन्य लंबी दूरी की ट्रेनों के चलने से क्षेत्रीय लोगों को आवागमन में आसानी हो सकेगी।
बहराइच से श्रावस्ती होते हुए बलरामपुर तक करीब 80 किलोमीटर की नई रेल लाइन भी बनेगी। इसके लिए केंद्र के बजट मेें 390 करोड़ रुपये दिए गए है। इससे भी लोगों को फायदा हो सकेगा और लंबी दूरी की ट्रेनों के चलने से गोरखपुर से लेकर बिहार, बंगाल आदि जगहों तक आवागमन की सुविधा मिल सकेगी।