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लव की राजधानी ने दिया शांति व सौहार्द का संदेश

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भिनगा के ईदगाह तिराहे पर तैनात पुलिस व मौजूद एसडीएम व अन्य। - फोटो : SRAWASTI
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श्रावस्ती। अयोध्या मामले में सर्वोच्च न्यायालय की ओर से दिए गए निर्णय के दूसरे दिन भी भगवान राम के पुत्र लव की राजधानी रही श्रावस्ती में सौहार्द व प्रेम का वातावरण रहा। जमुनहा के कई इलाकों में हिंदू व मुसलिम समुदाय के लोग एकत्र होकर गले मिले। इस दौरान प्रशासन भी पूरी तरह चौकन्ना रहा। एक तरफ जहां सीमा पार आने जाने वाले मार्गों पर सघन तलाशी जारी रही। वहीं नेपाल सीमा क्षेत्र से सटे बाजार व मार्गों की ड्रोन से निगरानी कराई गई। इतना ही नहीं रविवार को भी प्रमुख बाजार पुलिस छावनी में तब्दील रहे।
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भगवान राम ने जब अपना समस्त राज्य अपने व भाइयों के पुत्रों में मांडलिक राज्यों के रूप में बांटा तो लव को उत्तर कौशल श्रावस्ती मिला। वहीं कुश को अयोध्या। लव ने श्रावस्ती को अपनी राजधानी बना कर राज्य किया। श्रीराम जन्म भूमि पर आए निर्णय से जहां अयोध्या के लोग भाव विभोर हुए, वहीं श्रावस्ती में भी आनंद व भाईचारे का माहौल रहा।
हिंदू व मुस्लिम दोनों समुदायों के लोगों ने एक दूसरे से गले मिलकर सौहार्द की अपील की। दूसरे दिन भी स्थानीय पुलिस के साथ एसएसबी के जवानों ने नेपाल को जोड़ने वाले पारंपरिक व आपारंपरिक मार्गों पर आने जाने वालों की जांच की। वहीं पुलिस व पीएससी के जवानों ने पड़ोसी जिलों को जोड़ने वाले मार्गों से गुजरने वाले वाहनों व लोगों की तलाशी ली।
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एक तरफ जहां शनिवार पूरी रात नगर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में पुलिस व अधिकारियों के वाहनों के हूटर बजते रहे। वहीं रविवार को कस्बों व मार्गों पर बैरिकेडिंग कर पुलिस लोगों को सुरक्षा का अहसास दिलाती रही। सर्वोच्च न्यायालय के फैसले के दूसरे दिन भी जिले में पूरी तरह से अमन चैन कायम रहा। क्या पंडित और क्या मौलाना हर कोई अपने अपने तरीके से लोगों से आपसी भाई चारा व अमन चैन बनाए रखने का संदेश दे रहा था।
दूसरे दिन भी एसएसबी रही चौकन्नी
जिले की करीब 82 किलोमीटर की खुली सीमा नेपाल से सटी हुई है। नेपाल से निकल कर जिले में प्रवेश करने वाली राप्ती, पहाड़ी नालों, ककरदरी व सोहेलवा जंगल सहित पारंपरिक व गैर पारंपरिक रास्तों पर जगह जगह रविवार को भी एसएसबी के जवान तैनात रहे। जवानों ने अयोध्या मुद्दे पर आए फैसले के दूसरे दिन भी सघन तलाशी अभियान चलाया। इसके साथ ही लोगों से शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपील की।
तीसरी आंख की निगरानी में सीमा क्षेत्र के बाजार
सिरसिया थाना क्षेत्र का बेचईपुरवा, सिरसिया, चिल्हरिया मोड़, राजपुर, ताल बघौड़ा व मल्हीपुर थाना क्षेत्र का जमुनहा बाजार, राप्ती बैराज, बदला चौराहा आदि नेपाल सीमा क्षेत्र के नजदीक पड़ता है। ऐसे में इन बाजारों सहित मार्गों की ड्रोन व सीसीटीवी कैमरे से निगरानी कराई जा रही है। वहीं शनिवार व रविवार को लगने वाली साप्ताहिक बाजारों की भी कैमरे से निगरानी कराई गई। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सोमवार को सिरसिया के सोनबरसा में लगने वाले साप्ताहिक बाजार में भी कड़ी निगरानी कराने की योजना बनाई गई है।
छावनी में तब्दील रहे प्रमुख बाजार
न्यायालय के फैसले के दूसरे दिन मुसलिम समुदाय का प्रमुख त्योहार बारावफात मनाया गया। ऐसे में सुरक्षा के मद्देनजर भिनगा, इकौना, जमुनहा, बदला, सिरसिया, गिलौला कस्बा सहित अन्य प्रमुख बाजार पूरी तरह से पुलिस छावनी में तब्दील रहे। जगह जगह पुलिस की ओर से बैरीकेटिंग कर मुख्य मार्ग पर कड़ी निगरानी की गई।
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