जेतवन परिसर में प्रार्थना करते अनुयायी।
- फोटो : जेतवन परिसर में प्रार्थना करते अनुयायी।
कटरा। बौद्ध तपोस्थली श्रावस्ती मंगलवार को कोरिया से आए अनुयायियों के 50 सदस्यीय दल से गुलजार रही। सभी अनुयायियों ने बौद्ध भिक्षु विमल तिस्स के नेतृत्व में बोधि वृक्ष के दर्शन-पूजन किए। इस दौरान बौद्ध सभा भी हुई। इसमें भिक्षु विमल तिस्स ने कहा कि कर्म ही इंसान का भाई, बंधु, रिश्तेदार सब होता है। इंसान जो अच्छा या बुरा कर्म करता है, उसका उत्तराधिकारी वो स्वयं होता है। कर्म के कारण एक व्यक्ति विद्वान होता है और दूसरा मूर्ख होता है। अनुयायियों ने बौद्ध सभा के बाद तपोस्थली के विभिन्न स्थलों का भ्रमण कर उनके इतिहास की जानकारी ली।