समीक्षा बैठक में डीएम ने अफसरों को दिए निर्देश
34 शिकायतें लंबित मिलने पर जताई नाराजगी
संवाद न्यूज एजेंसी
श्रावस्ती। जन शिकायतों का शीघ्र निस्तारण सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके निस्तारण में अधिकारी लापरवाही न बरतें। अन्यथा उनके विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। ये बातें डीएम ने आईजीआरएस की समीक्षा के दौरान कहीं। इस दौरान उन्हें 34 शिकायतें लंबित मिलीं।
डीएम नेहा प्रकाश ने आईजीआरएस से संबंधित सभी अधिकारियों को चेतावनी दी है कि यदि इस कार्य में अधिकारी लापरवाही बरतते हैं तो इसके लिए वह स्वयं जिम्मेदार होंगे। उन्होंने कहा कि संदर्भ डिफाल्टर होने के बाद संबंधित अधिकारियों की ओर से मामले का निस्तारण करने पर शासन स्तर पर समीक्षा के दौरान जिले की रैंकिंग स्थिति पर प्रभाव पड़ता है। इसलिए जो भी संदर्भ पोर्टल पर प्राप्त होते हैं, उसका निस्तारण डिफाल्टर होने के पहले ही समय सीमा के अंदर किया जाए।
इस दौरान डीएम ने आईजीआरएस की समीक्षा की। जिसमें ईओ भिनगा की 04, अधिशासी अभियंता सिंचाई यांत्रिक की 01, अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण सेवा विभाग की 02, एसडीएम जमुनहा की 01, भिनगा की 03, औषधि निरीक्षक की 01, बीडीओ जमुनहा की 02, तहसीलदार जमुनहा की 01, पीडी की 06, पीओ डूडा की 02, पशु चिकित्साधिकारी सिरसिया की 01, प्रभारी चिकित्साधिकारी इकौना की 01, सीडीपीओ की 05, बीएसए की 01, सब रजिस्ट्रार इकौना की 03 शिकायतें लंबित मिलीं। इस पर डीएम ने शिकायतों को तीन दिन में निस्तारित कर रिपोर्ट भेजने का निर्देश दिया। संवाद