पुलिस कार्यालय सभागार में बैंक मैनेजरों के साथ बैठक करतीं एसपी प्राची सिंह। संवाद
श्रावस्ती। बैंकों में उच्च गुणवत्ता वाले सीसीटीवी लगवाएं। इसके साथ ही अलार्म भी दुरुस्त होने चाहिए। ताकि आवश्यकता पर इनका उपयोग किया जा सके। ऐसे ही कई सुझाव गुरुवार को बैंक मैनेजरों के साथ हुई बैठक में एसपी ने दिए। बैठक में बैंकों की सुरक्षा को लेकर विस्तार से चर्चा की गई।
बैंकों की सुरक्षा के साथ ही लोगों के साथ टप्पेबाजी न हो, इसके लिए एसपी प्राची सिंह ने पुलिस कार्यालय सभागार में बैंक प्रबंधकों के साथ बैठक की। इसमें प्रबंधकों ने भी सुरक्षा के कई सुझाव दिए। बैंक के बाहर पुलिस की निगरानी रखने पर जोर दिया गया। ताकि बैंक से पैसे निकालकर बाहर निकले ग्राहकों के साथ होने वाली टप्पेबाजी की वारदतों पर अंकुश लगाया जा सके।
एसपी ने बैंक मैनेजरों से कहा कि हर जगह पुलिसकर्मी की तैनाती संभव नहीं है। मगर बैंक अंदर व बाहर यदि दोनों स्थानों पर हाई मेगापिक्सल के कैमरे लगवा दें तो बेहतर होगा। ताकि लोगों के चेहरों की पहचान हो सके। कुछ कैमरे ऐसे भी हों जो रात में भी साफ वीडियो रिकार्ड कर सकें। ऐसी स्थिति में पुलिस इन कैमरों की मदद से अपराधियों पर निगाह रख सकती है। इसके साथ ही बैंक मैनेजर खुद भी अपने यहां लगे अलार्म की समय-समय पर जांच करते रहें। जिससे पता लगे कि वह ठीक हैं या खराब। ताकि वह समय पर काम आ सकें।
एसपी ने कहा कि वह बैंक जिनकी लोकेशन पुलिस थाने व चौकी से दूर हो। वह पत्र के माध्यम से सूचना भेजें। तकि वहां पुलिस पिकेट लगाई जा सके। इसके साथ ही जब पुलिस बैंकों की सुरक्षा के लिए नियमित जांच के लिए जाए तो प्रबंधक उन्हें अपनी समस्या से अवगत कराया करें।
एसपी ने कहा कि बैंक मैनेजर एक डायरी भी बनाएं जिसमें सुरक्षा से संबंधित समस्याओं को दर्ज करते रहें। जांच करने वाली पुलिस टीम ये डायरी को देखकर समस्या का निस्तारण कराती रहेगी। इसके साथ ही बैंक में ग्राहकों के लिए साइबर अपराध के प्रति जागरूक करने व उसका स्लोगन व बैनर लगाने को भी कहा। इस दौरान एएसपी प्रवीण कुमार यादव, सीओ (प्रशिक्षु) सतीश कुमार शर्मा, प्रतिसार निरीक्षक विनोद कुमार सिंह, एलडीएम जितेंद्र नाथ श्रीवास्तव, पीएनबी शाखा प्रबंधक आशीष मिश्र, आर्यावर्त बैंक राजेश शाह, यूनियन बैंक के प्रशांत विद्या सिंह सहित अन्य बैंकों के शाखा प्रबंधक मौजूद रहे।