श्रावस्ती। सिरसिया के पांडव कालीन विभूतिनाथ मंदिर में इस वर्ष लगने वाले कजरीतीज मेले की सुरक्षा व्यवस्था अभेद होगी। यहां जलाभिषेक करने आने वाले कांवड़ियों व शिवभक्तों को पंद्रह बैरियर पार कर जलाभिषेक के लिए जाना होगा। भक्तों को वाहनों को मंदिर से करीब दो किलोमीटर पहले छोड़ना होगा। उधर कजरीतीज पर उमड़ने वाले कांवड़ियों के उत्साह को देखते हुए दुकानदारों ने भी अपनी दुकानें सजा ली हैं।
जिले के पौराणिक विभूतिनाथ मंदिर में इस वर्ष जिले सहित आसपास के जनपदों से करीब पांच लाख कांवड़िये जलाभिषेक के लिए पहुंचेंगे। कांवड़ियों की संभावित भीड़ को देखते हुए रजियाताल से मंदिर परिसर तक जिला प्रशासन ने रास्ते का सुदृढ़ीकरण कराया है।
वहीं मेला परिसर में प्रत्येक व्यक्ति की निगरानी के लिए जगह जगह सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। इतना ही नहीं ड्रोन कैमरे से भी मेलार्थियों की निगरानी कराई जाएगी। यहां सुरक्षा के लिए पुलिस, पीएसी, होमगार्ड, पीआरडी के जवानों के साथ ही एसएसबी के जवानों को भी तैनात किया जाएगा। जिनके सहयोग के लिए स्वयं सेवक भी मौजूद रहेंगे।
मंदिर परिसर में जुटने वाली भीड़ के कारण किसी प्रकार की असुविधा न हो इसके लिए चिल्हरिया मोड़, निराला नगर फायर सर्विस ग्राउंड, त्रियंबकेश्वर विद्यालय, बनवारी देवी डिग्री कालेज से पूर्व, कलकलवा, चिर्रीपुर, बेचईपुरवा, तपसी इंटर कालेज जोखवा, विभूतिनाथ मंदिर मुख्य द्वार, पटखौली, कैथौली, एसएसबी कैंप, मेढ़किया गांव के निकट व विभूतिनाथ मंदिर के पीछे बैरियर लगाए गए हैं। जहां से होकर लोगों को पैदल जाना होगा।
इसके साथ ही अपने वाहनों से आने वाले शिवभक्तों को वाहन निराला नगर, फायर सर्विस ग्राउंड, त्रियंबकेश्वर विद्यालय परिसर, बनवारी देवी डिग्री कॉलेज परिसर व पटखौली बैरियर के पास खड़ा करना होगा। वहीं कांवड़ियों की उमड़ने वाले भीड़ को देखते हुए दुकानदार भी उत्साहित हैं।
दुकानदारों ने कांवर यात्रा में प्रयोग होने वाले वस्त्र, झोला, कांवड़ आदि से दुकानें सजा ली हैं। इससे भिनगा व इकौना नगर सहित जिले के अन्य बाजार भगवा रंग से रंगे पड़े हैं। वहीं कांवड़िया संघ भी कांवर यात्रा की तैयारी पूरी कर उसे अंतिम रूप देने में लगा हुआ है।