श्रावस्ती। वैश्विक महामारी कोरोना के मरीजों की संख्या जिले में लगातार बढ़ती जा रही है। शुक्रवार को एक और अधेड़ में कोरोना की पुष्टि होने के बाद अब जिले के मरीजों की संख्या बढ़कर छह पहुंच गई है। अधेड़ में कोरोना पुष्टि होने के बाद मुंबई से उसके साथ आए 34 अन्य लोगों का भी नमूना जांच के लिए भेजा गया है। वहीं, जिले में लगातार बढ़ रहे मरीजों की संख्या देखते हुए सतर्कता बढ़ा दी गई है।
सिरसिया विकास क्षेत्र की ग्राम सभा सिटकहवा के मजरा गड़रा निवासी 35 लोग मेहनत मजदूरी करने के लिए मुंबई गए थे। यह सभी लोग मुंबई से पैदल व प्राइवेट साधनों से वापस 26 अप्रैल को श्रावस्ती लौटे थे, जिन्हें सोनवा थाना क्षेत्र के रतनापुर चेकपोस्ट पर पुलिस ने रोक कर उनकी थर्मल स्कैनिंग कराई। इसके बाद सभी 35 लोगों को क्वारंटीन करने के लिए सिरसिया के मॉर्डन विद्यालय गब्बापुर भेजा गया था। जहां एक 55 वर्षीय व्यक्ति में कोरोना के लक्षण दिखे थे।
इसकी जांच के लिए उसका सैंपल भेजा गया था। शुक्रवार को डॉ. राम मनोहर लोहिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस लखनऊ से भेेजी गई रिपोर्ट में अधेड़ में कोरोना की पुष्टि की गई। इसके बाद प्रशासन में हड़कंप मच गया। अधेड़ को इलाज के लिए बहराइच भेजा गया है, जबकि उसके साथ मुंबई से लौटे 34 अन्य लोगों की जांच के लिए उनका नमूना लेकर लखनऊ भेजा गया है। इस बारे में मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एपी भार्गव बताते हैं कि मुंबई से लौटे व्यक्ति में कोरोना की पुष्टि के बाद उसे इलाज के लिए भेजा गया है। साथ ही उसके साथ मुंबई से आए 34 अन्य लोगों का भी नमूना जांच के लिए भेजा गया है। यह अच्छा रहा कि अधेड़ सीधे क्वारंटीन केंद्र भेजा गया। फिर भी गांव में सतर्कता बढ़ा दी गई है।
अधिकारियों ने लिया जायजा
सिटकहवा के मजरा गड़रा निवासी अधेड़ में कोरोना की पुष्टि के बाद जिलाधिकारी यशु रुस्तगी, मुख्य विकास अधिकारी अवनीश राय व मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. एपी भार्गव शुक्रवार को सिरसिया पहुंचे और उन्होंने गब्बापुर के मॉर्डन स्कूल में बने क्वारंटीन केंद्र का जायजा लिया। इस दौरान अधिकारियों ने मातहतों को आवश्यक दिशा निर्देश दिए।