फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गोवंशों की भूमि पर भाजपा कार्यकर्ताओं का कब्जा : शंकराचार्य

Wed, 15 Jul 2026 12:44 AM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, श्रावस्ती
विज्ञापन
पत्रकारों से बातचीत करते शंकराचार्य।
विज्ञापन
इकौना/कटरा। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के नेतृत्व में 81 दिवसीय गविष्टि गोरक्षार्थ-धर्मयुद्ध यात्रा मंगलवार को श्रावस्ती पहुंची। उन्होंने इस दौरान गोवंशों की दुर्दशा के लिए प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। शंकराचार्य ने भाजपा कार्यकर्ताओं पर गोचर भूमि पर कब्जा करने का गंभीर आरोप भी लगाया।
विज्ञापन

इकौना थाना क्षेत्र के एक मैरिज लॉन में आयोजित कार्यक्रम में शंकराचार्य ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश में गायों की स्थिति अत्यंत खराब है। सरकार 2000 करोड़ रुपये का बजट और 12 लाख गायों के गोआश्रय स्थलों में होने का दावा करती है। सरकार यह भी कहती है कि घर में गाय पालने पर 50 रुपये प्रतिदिन दिए जा रहे हैं। शंकराचार्य ने इन दावों को झूठा बताया और कहा कि गायों की हालत पूरे प्रदेश में खराब है। उन्होंने गाय को पशु नहीं, बल्कि माता बताया। शंकराचार्य ने कहा कि वे गायों की दुर्दशा और सरकार के झूठ को सामने लाने के लिए यात्रा पर निकले हैं।
मुख्यमंत्री द्वारा गायों के लिए आधार कार्ड बनवाने की घोषणा पर शंकराचार्य ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि योगी सरकार गायों का आधार छीन चुकी है। पूर्वजों द्वारा छोड़ी गई गोचर भूमियों पर अपने कार्यकर्ताओं से कब्जा करवा दिया गया है। गायों का चारा प्रमुख लोग खा रहे हैं, जिससे वे सड़कों पर भटक रही हैं।
विज्ञापन



सपा सांसद ने उतारी आरती, कार्यकर्ताओं ने सौंपा ज्ञापन

श्रावस्ती। शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती के कार्यक्रम के दौरान सपा सांसद राम शिरोमणि वर्मा भी मौजूद रहे। उन्होंने मंच पर चढ़ कर शंकराचार्य की आरती उतारी और आशीर्वाद लिया। वहीं शंकराचार्य के गोरक्षा अभियान का मुस्लिम समाज ने भी अपना समर्थन दिया। सपा नेता मसूद आलम खान शंकराचार्य को ज्ञापन सौंप कर निराश्रित गोवंश की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने व गोमाता को राष्ट्र माता का दर्जा दिए जाने की मांग की। इस दौरान पूर्व विधायक हाजी रमजान, असलम रायनी, हाजी इम्लाक खान, शकील मैक्रानी, अरमान खान, मेराज खान, डॉ. अकबाल मंसूरी आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन

विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें