श्रावस्ती। किसानों से मंडी के आढ़ती सस्ते दामों में सब्जी खरीद रहे हैं। यही सब्जी बाजार आते-आते दोगुने से भी महंगी हो जाती है। इससे किसानों की जेब तो खाली रह जाती है, लेकिन ग्राहकों की जेब ढीली हो जाती है। किसानों के खेत से लेकर बाजार में सब्जी के भाव अलग अलग हैं। किसानों को अपनी उपज के बीज का भाव भी नहीं मिल पा रहा है। बाजार में आते-आते तीन गुना पहुंच जाता है। जबकि देखा जाए तो आढ़त और बाजार के खुदरा मूल्य में दोगुने का अंतर है। इसका अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि किसानों से आढ़ती गोभी का फूल तीन रुपये में खरीदता है। जिसको वह चार रुपये किलो की दर से बेचता है। यही गोभी खुदरा बाजार में 10-15 प्रति किलो बिक रहा है। शिमला मिर्च किसानों से आढ़त 15 रुपये प्रति किलो में खरीद रहा है, तो आढ़ती उसे खुदरा व्यापारी को 25 रुपये में बेचता है। जिसका बाजार भाव 50 रुपये प्रति किलो है। यह तो कुछ सब्जियों का दाम है। देखा जाए तो लगभग सभी सब्जियों का आढ़त व बाजार भाव में दोगुने का अंतर है।
ओवर रेटिंग की जानकारी नहीं थी। अधिकारियों व कर्मचारियों को मौके पर भेज कर इसकी जांच कराई जाएगी। ऐसा करने वालों के विरुद्ध कार्रवाई भी की जाएगी। डीपी सिंह, एडीएम