श्रावस्ती। राजस्थान के कोटा में फंसे 67 विद्यार्थियों को लेकर तीन रोडवेज बसें श्रावस्ती पहुंचीं। यहां सभी छात्रों की जिला अस्पताल में थर्मल स्कैनिंग की गई। किसी में भी कोरोना संबंधी लक्षण न पाए जाने के कारण उन्हें घरों में क्वारंटीन के लिए भेज दिया गया है।
जिले के कई छात्र राजस्थान के कोटा में रह कर प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे थे। कोरोना वायरस संक्रमण के कारण कोटा में भी लॉकडाउन कर दिया गया था। इसी के बाद जिले के छात्र कोटा में फंस गए। वहां जिस पीजी में रहते थे, वहां मेस बंद हो गया। बच्चों के पास बनाने खाने की कोई व्यवस्था न होने के कारण वह भूखे ही रहने लगे। इसी के बाद उनकी मुश्किलें धीरे-धीरे बढ़ने लगीं।
इस मुश्किल को देखते हुए राज्य सरकार ने रोडवेज बसों से वहां फंसे बच्चों को निकालने की कवायद शुरू की थी। इसी कवायद के चलते जिले के 67 छात्र जो वहां फंसे हुए थे। उन्हें बाहर निकालने का कार्य शुरू किया गया था। रविवार की रात ऐसे ही रोडवेज बस से 36 छात्र दो बसों में सवार होकर जिले में पहुंचे थे, जहां उन्हें सीधे संयुक्त जिला चिकित्सालय भिनगा लाया गया।
जहां सभी बच्चों की थर्मल स्कैनिंग की गई। इसी के बाद सोमवार तड़के 31 छात्रों को लेकर एक रोडवेज पुन: आई, जिसमें भी जिले के विभिन्न क्षेत्रों में रहने वाले छात्र सवार थे। इन छात्रों की भी जांच की गई, जिसमें सभी स्वस्थ मिले। इसके बाद इन सभी छात्रों को होम क्वारंटीन में भेजा गया है।