श्रावस्ती। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी के साथ ही चलने वाली पश्चिमोत्तर हवाओं के कारण तराई में शीतलहर का प्रकोप है। बुधवार को बादलों की लुका छिपी ने ठिठुरन और बढ़ा दी।
इससे ग्रामीण क्षेत्रों में लोग दोपहर तक अलाव का सहारा लेने को विवश रहे। तराई में बादलों की लुका छिपी के साथ छाई धुंध व बर्फीली हवा के कारण ठिठुरन काफी बढ़ गई हैं।
ऐसे में बुधवार को भी तराई में पारा 5 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। करीब चार किलोमीटर प्रतिघंटे की रफ्तार से चल रही पश्चिमोत्तर हवा के कारण ठिठुरन काफी बढ़ गई है।
इससे लोग ठंड से कांपते नजर आए। इसके बावजूद तहसील प्रशासन की ओर से भिनगा व इकौना नगर को छोड़ कुछ चुनिंदा स्थानों पर ही अलाव जलवाए गए हैं।
शेष स्थानों पर तहसील प्रशासन की ओर से सिर्फ कागजों पर ही अलाव जलवाए गए हैं। इससे मेहनत मजदूरी के लिए नगरीय क्षेत्र में आने वाले मजदूर पेशा लोगों को कांपती ठंड से जूझना पड़ रहा है।
फसल अनुसंधान केंद्र बहराइच के सीनियर रिसर्च असिस्टेंट डॉ. विनोद ने बताया कि मौसम के मिजाज में बदलाव आ सकता है, लेकिन ठिठुरन बरकरार रहेगी।
वहीं अपर जिलाधिकारी योगानंद पांडेय ने बताया कि जिन स्थानों पर अलाव नहीं जले हैं, और तहसील प्रशासन की ओर से वहां अलाव जलता दर्शाया जा रहा है तो लोग शिकायत करें जांच कर संबंधितों पर कार्र्रवाई की जाएगी।