बाबरी के गांव बुटराड़ा में श्रमिक की मौत के बाद मौके पर जमा लोग। संवाद
बाबरी (शामली)। थानाक्षेत्र के गांव बुटराड़ा में श्रमिक ने पंखे से कपड़े का फंदा बनाते हुए उस पर लटककर आत्महत्या कर ली। मृतक बिहार का निवासी था और दिल्ली देहरादून हाईवे निर्माण कंपनी के प्लांट पर काम करता था। पुलिस ने अंदर की कुंडी लगी होने से दरवाजा तोड़कर फंदे पर लटके शव को उतारा। फोरेंसिक टीम ने भी मौके पर पहुंचकर जांच पड़ताल की।
बिहार के जिला मुजफ्फरपुर के गांव केशवपुर भवन निवासी छोटू कुमार (25) पुत्र रामप्रीत मैतु गांव बुटराड़ा में दिल्ली-देहरादून कंस्ट्रक्शन कंपनी के प्लांट पर श्रमिक का काम करता था। वह गांव बुटराड़ा में तारिफ खान के मकान में किराये पर रहता था। इस मकान में उसके गांव निवासी महमदीन व उसकी पत्नी शहजादी अंसारी, प्रदीप भी रहते हैं। शनिवार रात करीब साढ़े 10 बजे सभी ने साथ में खाना खाया और अपने-अपने कमरों में सोने चले गए। रविवार सुबह छह बजे महमदीन अपना मोबाइल फोन चार्ज करने के लिए छोटू के कमरे का दरवाजा खुलवाने के लिए कुंडा खटखटाया, लेकिन अंदर से कोई आवाज नहीं आई। आवाज भी लगाई, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला। अंदर से दरवाजे की कुंडी बंद थी। महमदीन ने डायल 112 पर पुलिस को सूचना दी। डायल 112 व बाबरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और दरवाजा तोड़कर अंदर गई तो वहां पर छत के पंखे से कपड़े के फंदे के सहारे छोटू का शव लटका मिला। पुलिस ने शव को फंदे से नीचे उतारा।
पुलिस की सूचना पर फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंची और जांच पड़ताल की। महमदीन ने बताया छोटू शादीशुदा है और उसके दो छोटे बच्चे है। उसकी पत्नी व दोनों बच्चे उसके गांव केशवपुर भवन में रहते हैं। महमदीन ने बताया कि खाना खाने के बाद छोटे फोन पर अपनी पत्नी से बात कर रहा था। इसके बाद क्या हुआ इसका किसी को कुछ नहीं पता चल सका। थाना प्रभारी राजेंद्र वशिष्ठ ने बताया श्रमिक के परिजनों को सूचना भिजवा दी है। परिजन शाम तक नहीं पहुंचे है। मृतक करीब डेढ़ माह पहले ही यहां काम करने आया था। थाना प्रभारी ने बताया कि मृतक का मोबाइल स्क्रीन लॉक है। मोबाइल की कॉल डिटेल निकलवाई जा रही है। इसके बाद ही पता चल सकेगा कि आखिरी बार उसने किससे और कब बात की।