कस्बे के हास्पिटल में उपचार के दौरान महिला की मौत पर हंगामा हो गया। दवाइयों के अधिक बिल को लेकर मृतका के परिजनों और चिकित्सालय के कर्मचारियों के बीच कहासुनी हो गई। आरोप है कि चिकित्सालय के कर्मचारियों ने मृतक महिला के परिजनों के साथ मारपीट की। शव को लेकर ग्रामीण कस्बे की सीएचसी पर पहुंच गए। एसडीएम और सीओ ने मामले की जांच कर कार्रवाई का आश्वासन देते हुए परिजनों को शांत किया।
कोतवाली क्षेत्र के गांव विज्ञाना के रहने वाले नूरनबी की पत्नि भूरो (35) के पेट में दर्द होने के कारण उसे कस्बे के प्राइवेट अस्पताल में 25 अप्रैल को भर्ती करवाया था। शुक्रवार को उपचार के दौरान महिला की मौत हो गई। जिसके बाद मृतका के परिजनों और चिकित्सालय के कर्मचारियों के बीच दवाइयों के बिल को लेकर कहासुनी हो गई। आरोप है कि चिकित्सालय के कर्मचारियों ने मृतक महिला के पति नूरनबी और देवर मोहसीन के साथ मारपीट की। हंगामा बढ़ने पर परिजन महिला के शव को लेकर कस्बे की सीएचसी पर पहुंच गए। सीएचसी में हंगामा होने सूचना पर एसडीएम दीपक कुमार, सीओ विजय प्रकाश सिंह भी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। उपजिलाधिकारी ने आश्वासन देते हुए कहा कि मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी। उधर, इंस्पेक्टर यशपाल सिंह ने बताया कि गांव वालों की ओर से मारपीट के संबंध में कोई तहरीर प्राप्त नहीं हुई है। तहरीर आने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
नाबालिग को भगाने का आरोप
कोतवाली क्षेत्र के एक गांव के ग्रामीण ने दूसरे जनपद के एक युवक पर नाबालिग को बहला फुसलाकर भगाने का आरोप लगाया है। आरोप है कि बागपत जनपद के गांव लुहारी का रहने वाला युवक नाबालिग को बहला फुसलाकर भगाकर ले गया। ग्रामीण की तहरीर पर पुलिस ने घटना की नामजद रिपोर्ट दर्ज कर जांच आरंभ कर दी है।