जलालाबाद। धोखाधड़ी मामले में कार्रवाई न होने से क्षुब्ध शिकायकर्ता द्वारा शुक्रवार को जहरीला पदार्थ का सेवन करने के मामले में शनिवार को नया मोड़ आ गया। पीड़ित मीडियाकर्मियों के सामने आया। कहा कि उसने सुनवाई नहीं होने से क्षुब्ध होकर सल्फास का सेवन कर लिया था। हालांकि शुक्रवार को परिजनों ने जहरीले पदार्थ के सेवन से इनकार किया था। उधर, पुलिस मामले की जानकारी से इनकार कर रही है।
जलालाबाद के ग्राम चन्देनामाल निवासी सोनू पुत्र कंवरपाल ने विगत दिनों पंजाब नेशनल बैंक के कर्मचारियों पर उसके नाम पर फर्जी तरीके से लोन के चार लाख रुपये हड़पने का आरोप लगाया था, जिसकी जांच पुलिस कर रही थी। चार दिन पूर्व ही पंजाब नेशनल बैंक के उच्चाधिकारियों ने भी शाखा में पहुंचकर पीड़ित व बैंक कर्मचारियों के बयान दर्ज किए थे। उसी वक्त पीड़ित ने बैंक अधिकारियों को कार्रवाई न होने पर आत्म हत्या की चेतावनी दी गई थी।
इसी मामले मे शुक्रवार को सीओ के यहां भी पीड़ित सोनू के बयान होने थे इसके लिए पीड़ित अपने भाई जसबीर के साथ सीओ आफिस गया था, परन्तु वहां पर आरोपी युवक पहले से बैठे थे। इन्हें देखकर सोनू वहां से बिना बयान दर्ज कराए ही कमिश्नर से शिकायत की बात कहते हुए चल दिया। रास्ते में अचानक ही सोनू की तबीयत खराब हो गई, जिसे ननौता के प्राइवेट अस्पताल में भर्ती कराया गया। सूचना से पुलिस में हड़कंप मच गया। परिजनों ने बताया था कि जहीला पदार्थ खाने की बात गलत है। अब पीड़ित सोनू ने कहा कि सुनवाई नहीं होने के कारण उसने सल्फास का सेवन किया था। मामले की शिकायत वह कमिश्नर और डीएम से करेगा।