शामली। शामली महायोजना 2031 में शामिल किए गए जिले के दो बाईपास के मामले में आठ आपत्तियां प्राप्त हुई। आपत्तियां देने की अवधि खत्म होने के बाद अब चार जून के बाद विकास प्राधिकरण के तीन अफसरों की अध्यक्षता वाली समिति नई और पुरानी आपत्तियों पर सुनवाई करेगी।
मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण की ओर से जनवरी 2022 के प्रथम सप्ताह में कार्ययोजना तैयार करके अधिसूचना जारी की गई थी। 315 आपत्तियां प्राप्त हुई थी। विकास प्राधिकरण के अफसरों की टीम ने आपत्तियों पर सुनवाई की। सुनवाई के बाद विकास प्राधिकरण द्वारा आपत्तियों का निस्तारण नहीं किया गया था। पिछले दो सालों से आपत्तियों का निस्तारण अधर में लटका हुआ है। दो माह पूर्व शामली महायोजना 2031 में दिल्ली- शामली,सहारनपुर हाईवे का बलवा बाईपास और मेरठ करनाल हाईवे का टपराना- शामली बाईपास को शामिल करके प्राधिकरण की ओर से अधिसूचना जारी की गई। एक माह का आपत्तियां देने का समय दिया गया था। एक माह में आपत्तियां की अवधि में कुल आठ शिकायत आई थी। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष कविता मीणा ने बताया कि पुरानी 315 और नई आठ आपत्तियों पर सुनवाई नए सिरे से लोकसभा चुनाव आचार संहिता खत्म होने के बाद की जाएगी। तीन सदस्यीय अफसरों की टीम मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण कार्यालय में सुनवाई करेगी। आपत्तियों की सुनवाई के लिए प्राधिकरण नोटिस जारी करेगा।