शामली। 12 साल की लंबी प्रतीक्षा के बाद विकास भवन की दूसरी मंजिल बनकर तैयार हो गई। निर्माण एजेंसी के अधिकारियों के मुताबिक भवन आगामी 31 अगस्त तक हैंडओवर करने की प्रक्रिया पूरी होने की उम्मीद है।
पूर्वी यमुना नहर के किनारे जिला मुख्यालय बनने के बाद 31 मार्च 2015 में विकास भवन निर्माण के लिए 10 करोड़ 98 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई। स्वीकृत धनराशि में विकास भवन की चहारदीवारी, प्रथम तल का कार्यालय भवन वर्ष 2018 में बनकर तैयार हो गई था। तत्कालीन डीएम इंद्र विक्रम सिंह के निर्देश पर विकास भवन के सीडीओ, जिला विकास अधिकारी, परियोजना अधिकारी ग्राम्य विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के उपायुक्त, कार्यालय और जिला पंचायत राज अधिकारी, पिछड़ा अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी कार्यालय शिफ्ट कर दिए गए थे।
विकास भवन की दूसरी मंजिल निर्माण के लिए नोडल एजेंसी राजकीय निर्माण निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर की ओर से 23 करोड़ रुपये का री-एस्टीमेट शासन को भेजा गया था। लंबे समय तक विकास भवन की दूसरी मंजिल के लिए धनराशि स्वीकृत नहीं की गई। तत्कालीन सीडीओ विनय कुमार तिवारी ने साढ़े तीन साल पहले विकास भवन की दूसरी मंजिल की धनराशि के लिए शासन को पत्र लिखा गया। सभी बाधा समाप्त करके दस करोड़ रुपये की धनराशि अवमुक्त कराई गई। राजकीय निर्माण निगम के प्रोजेक्ट मैनेजर पुष्पेंद्र कुमार वर्मा ने बताया कि विकास भवन की दूसरी मंजिल का निर्माण कार्य पूरा हो चुका है। रंगाई-पुताई, खिड़की और फिनिशिंग का कार्य चल रहा है। 31 अगस्त तक निर्माण पूरा होने पर कार्यालय भवन को हैंडओवर कर दिया जाएगा।