इस तरह के पहुंच रहे मामले
केस एक : शामली निवासी युवती का रिश्ता गाजियाबाद में तय हुआ था। शादी की तारीख तय हो गई थी और सगाई भी हो चुकी थी, लेकिन दोनों पक्षों के बीच बात बिगड़ गई। युवती पक्ष ने युवक पक्ष पर दहेज के कारण शादी न करने का आरोप लगाते हुए शिकायत की।
दोनों परिवारों के बीच सुलह कराने की कोशिश हुई, लेकिन दोनों के बीच बात नहीं बन सकी। काउंसिलिंग के दौरान इसकी मूल वजह युवक व युवती के बीच बातचीत के दौरान युवती को युवक के चरित्र पर संदेह होना सामने आया था।
केस दो: शामली निवासी एक महिला ने थाने पर प्रार्थना पत्र दिया कि शादी के बाद उसके कोई बच्चा नहीं हुआ। उसके पति ने उसे बिना बताए दूसरी शादी कर ली। अब वह कहां जाए।
केस तीन: शामली निवासी एक व्यक्ति ने बृहस्पतिवार को महिला थाने पर शिकायत की कि उसकी मां के साथ पत्नी अभद्र व्यवहार करती है। समझाने पर भी नहीं मानी। इस विवाद के चलते वह अपने मायके चली गई थी। अब वह फिर से आ गई है, वह उसे अब रखना नहीं चाहता। पुलिस ने दोनों पक्षों को वार्ता के लिए थाने पर आने के लिए कहा।