शामली में नगरपालिका के चेयरमैन अरविंद संगल की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। बुधवार को शामर्ली आइं पालिका की पूर्व ईओ अमिता वरुण से लंबी वार्ता होने के बावजूद वह समझौते को तैयार नहीं हुईं।
गौरतलब है कि राष्ट्रीय अनुसूचित जाति जनजाति आयोग में शिकायत दर्ज कराने के बाद ईओ अमिता वरुण की ओर से चेयरमैन अरविंद संगल के खिलाफ अप्रैल माह में एससी/एसटी एक्ट और महिला उत्पीड़न की धारा में केस दर्ज कराया गया था। इस प्रकरण की जांच सीओ द्वितीय गाजियाबाद मनीष मिश्रा कर रहे हैं।
बुधवार को उन्होंने शामली पहुंचकर सीओ सिटी निशांक शर्मा से केस की विवेचना से जुड़े कागजात लिए और ईओ अमिता वरुण के साथ नगरपालिका पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण भी किया था।
इसी दौरान चेयरमैन अरविंद संगल की पत्नी मीनू संगल सहित अन्य लोगों ने अमिता वरुण से समझौते के संबंध में वार्ता की। शाम साढ़े छह बजे से करीब साढ़े आठ बजे तक ईओ से बंद कमरे में वार्ता चलती रही।
चेयरमैन अरविंद संगल पक्ष ने प्रयास किया कि अमिता समझौता कर लें, लेकिन उन्होंने इससे इंकार कर दिया और हापुड़ लौट र्गइं। उन्होंने कहा कि न्याय के लिए केस दर्ज कराया था, न्याय मिलने से पहले समझौता नहीं होगा।
अमिता के रुख से स्पष्ट हो गया है कि वह चेयरमैन अरविंद संगल से समझौता नहीं करेंगी, जिसके चलते चेयरमैन मुश्किलों में घिर सकते हैं। क्योंकि अप्रैल माह में दर्ज इस केस में पुलिस को भी विवेचना पूरी करने के बाद चार्जशीट अथवा फाइनल रिपोर्ट कोर्ट में पेश करनी पड़ेगी।