शामली। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में शामिल जिलों की विकास योजना पर एक हजार करोड़ रुपये आगामी 31 मार्च 2025 तक खर्च किए जाएंगे। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण ने शामली और मुजफ्फरनगर जिलों की विकास कार्य योजना बनाने की तैयारी शुरू कर दी है। प्राधिकरण के अफसर शामली जिले की विकास योजना की बाबत डीएम रविंद्र सिंह से मुलाकात करके विचार विमर्श करेंगे। मुजफ्फरनगर जिले में आडिटोरियम की कार्य योजना तैयार कर ली है।
राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में यूपी, हरियाणा व राजस्थान के 23 जिले शामिल हैं। इनमें पश्चिमी उत्तर प्रदेश के गाजियाबाद, गौतमबुद्धनगर, हापुड़, मेरठ, बुलंदशहर, बागपत- शामली और मुजफ्फरनगर समेत आठ, राजस्थान के अलवर और भरतपुर आदि जिले शामिल हैं। राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में शामिल जिले के विकास के लिए इस बार एक हजार करोड़ रुपये का बजट रखा गया है। बजट की धनराशि को आगामी 31 मार्च 2025 तक खर्च किया जाएगा।
मुजफ्फनगर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष कविता मीणा ने बताया कि एनसीआर जिलों के लिए विकास कार्यों की योजना तैयार की जा रही है। मुजफ्फरनगर जिले में आडिटोरियम की कार्य योजना तैयार कर ली है। शामली जिले की विकास योजना के बाबत डीएम शामली रविंद्र सिंह से एक बैठक आयोजित करके विचार विमर्श किया जाएगा। विकास योजना को स्वीकृति के लिए राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र बोर्ड को भेजा जाएगा। विकास कार्य योजना स्वीकृति के बाद विकास कार्यों की शुरुआत की जाएगी। उन्होंने बताया कि यह पहला मौका है कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र की ओर से शामिल जिलों के विकास के लिए एक हजार रुपये का बजट रखा गया है।