शामली। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण में शामली जिले के 55 गांवों को शामिल करने के मामले में बोर्ड बैठक में भी सीमा विस्तार को हरी झंडी दे दी गई है। हरी झंडी के बाद रिपोर्ट प्राधिकरण की तरफ से शासन को भेजी गई है।
मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण में शामली जिले की सीमा को शामली नगर पालिका की सीमा समाप्त होने के एक किमी आगे तक शामिल किया गया था। प्राधिकरण की सीमा विस्तार में डेढ़ साल पहले शामली नगर पालिका परिषद जिले के 14 गांवों को शामिल किया गया था, मगर जिले में मेरठ-करनाल हाईवे का टपराना-शामली बाईपास, दिल्ली-शामली, सहारनपुर हाईवे का शामली बाईपास, पानीपत -खटीमा हाईवे का बलवा और बनत बाईपास के निर्माण होने के बाद मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण की नए सिरे से सीमा विस्तार करने की तैयारी चल रही थी। प्राधिकरण के नए सिरे से सीमा विस्तार में जिले के 55 गांवों में कैराना तहसील के 16 गांव, ऊन तहसील के तीन गांव शामली तहसील के 36 गांव को शामिल किया था। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण की उपाध्यक्ष कविता मीना ने बताया कि हाल ही में बोर्ड की बैठक हुई थी, जिसमें सीमा विस्तार के लिए 55 गांवों को मंजूरी मिल गई है। बोर्ड बैठक में जो विस्तार को मंजूरी मिली है, उसकी रिपोर्ट भी शासन को भेज दी गई है। इस मामले में जल्द अधिसूचना जारी होने की उम्मीद है।