- प्रशासन ने एनएचएआई अफसरों की बैठक बुलाई
संवाद न्यूज एजेंसी
शामली। भाजू में इंटरचेंज बनाने के मुद्दे पर जिला प्रशासन ने 14 मार्च को कलक्ट्रेट एनएचएआई के अफसरों की बैठक बुलाई है। बैठक में किसान नेता भी मौजूद रहेंगे।
दिल्ली-देहरादून इकॉनमिक काॉरिडोर एक्सप्रेसवे जिले के भाजू गांव से होकर गुजर रहा है। भाजू गांव से शामली-भौराकलां-सिसौली होकर मुजफ्फरनगर जिले के शाहपुर में मुजफ्फरनगर-बुढ़ाना, बड़ौत मार्ग में मिल रहा है। भाजू गांव शामली और मुजफ्फनगर जिले को जोड़ता है। भाकियू की राजधानी सिसौली भाजू गांव तीन-चार किमी दूरी पर है। भाजू गांव में इंटरचेंज नहीं दिया गया है। जिस पर भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने 17 मार्च को सिसौली की जगह भाजू में संगठन की मासिक पंचायत की घोषणा कर दी है। जिससे जिला प्रशासन में हड़कंप की स्थिति है।
जिला प्रशासन ने एनएचएआई के अफसरों की बैठक 14 मार्च को बुलाई है। जिसमें बागपत एनएचएआई के परियोजना निदेशक एके जेन को बुलाया गया है। बैठक में भाजू में इंटरचेंज की स्वीकृति की जानकारी ली जाएगी। एडीएम संतोष कुमार सिंह ने बताया कि किसानों की समस्याओं को देखकर भाजू में इंटरचेंज की स्वीकृति के लिए तत्कालीन डीएम जसजीत कौर एनएचएआई को अपनी संंस्तुति भेजी जा चुकी है।
- भाजू इंटरचेंज से दोनों जिलों के किसानों को मिलेगी सुविधा
भाकियू सुप्रीमो चौधरी नरेश टिकैत ने बताया कि 17 मार्च की पंचायत में शामली, मुजफ्फरनगर, बागपत, सहारनपुर और आसपास के किसानों को बुलाया जाएगा। भाजू में इंटरचेंज किसानों के लिए बहुत जरूरी है। यहां के किसानों को लाभ मिलना चाहिए। पंचायत में एनएचएआई और इकॉनमिक काॅरिडोर की निर्माण एजेंसी के अफसरों, जिला प्रशासन को बुलाया जाएगा। पंचायत में भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत भी हिस्सा लेंगे।