शामली। शासन के निर्देश पर रविवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर लगाए जाने वाले मुख्यमंत्री जन आरोग्य स्वास्थ्य मेले में उपचार कराने के लिए आए कुल 2974 मरीजों में सबसे अधिक संख्या 682 चर्म रोगियों की रही हैं। जबकि दूसरे नंबर पर श्वसन रोगियों की संख्या रही है।
जनपद के ग्रामीण क्षेत्र में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए शासन ने प्रत्येक रविवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री जन आरोग्य स्वास्थ्य मेले आयोजित करने के आदेश दिए हैं। इस माह दो फरवरी से जन आरोग्य स्वास्थ्य मेला प्रत्येक रविवार को आयोजित किए जा रहे हैं। स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के मुताबिक जन आरोग्य स्वास्थ्य मेले में कुल 2974 मरीजों की जांच की गई। जांच में सबसे अधिक संख्या 682 चर्म रोग से पीड़ितों की रही। दूसरे नंबर पर 315 श्वसन रोगियों की रही। इसके अलावा मधुमेह के 169, उदर रोगी 265, टीबी के 55, लीवर के 99, एनीमिया 97 मरीज सामने आए हैं।
चर्म रोग बढ़ने का कारण
चर्म रोग एक दूसरे से लगने वाला रोग है। पहले यह आंतरिक कपड़ों में लगता है, इसके बाद बाहरी कपड़ों में पहुंच जाता है। इसके बाद अन्य कपड़ों में पहुंचने के कारण परिवार के अन्य सदस्यों के कपड़ों के माध्यम से फैलता है। इस कारण यह परिवार के दूसरे सदस्यों तक भी आसानी से पहुंच जाता है। इस रोग के होने पर शरीर में खुजली होती है। - डॉ. अनपुम सक्सेना, सीएचसी
बचाव और सावधानियां
चर्म रोग से बचने के लिए साफ कपड़े पहनने चाहिए। कपड़ों केे उबलते पानी में धोने से इसका कीड़ा मर जाता है। हाथों को साबुन से धोएं। रोजाना स्नान करें। अगर किसी को चर्म रोग होता है तो उसके कपड़े अलग रखें। शरीर में कहीं भी खाज-खुजली हो तो चिकित्सक की सलाह लेकर उपचार कराएं।
जन आरोग्य स्वास्थ्य मेले में मरीजों की ये रही स्थिति
कुल मरीज 2974
महिला - 1511
पुरुष -910
बच्चे -553
चर्मरोगी- 682
श्वसन रोगी - 315
लीवर रोगी - 99
मधुमेह रोगी - 169
उदर रोगी - 265
एनीमिया - 97
टीबी - 55
कैंसर - एक
गर्भवती महिलाएं - 81
कुपोषित बच्चे - 31
अन्य रोगी - 926