हरियाणा की सीमा में जाती धान की ट्रैक्टर ट्रॉली।
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शामली में मेरठ-करनाल हाईवे स्थित बिड़ौली यमुना पुल पर भाकियू ने लगाया जाम शुक्रवार देर रात खोल दिया। करनाल प्रशासन ने दीपावली को देखते हुए फिलहाल किसानों को धान ले जाने की अनुमति दे दी। जिससे यूपी के किसानों के वाहनों का हरियाणा में प्रवेश शुरू हो गया है। जाम खुलने से वाहन चालकों ने राहत की सांस ली।
हरियाणा पुलिस ने बुधवार शाम यूपी के किसानों के धान से लदे वाहन रोक दिए थे। आरोप है कि इसका विरोध करने पर किसानों को लाठियों से पीटा भी था। जिसमें एक सिख किसान की पगड़ी भी उतर गई थी। बृहस्पतिवार शाम से भाकियू के नेतृत्व में किसानों ने बिड़ौली यमुना पुल पर चक्का जाम कर दिया था।
सीओ अमरदीप मौर्या व एसडीएम निकिता शर्मा ने मौके पर पहुंचकर किसी तरह जाम खुलवाया था, लेकिन कुछ देर बाद ही हरियाणा में धान के वाहन रोकने पर किसान फिर से धरने पर बैठ गए थे।
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शुक्रवार रात करीब 11 को करनाल प्रशासन ने किसानों के धान के वाहनों को प्रवेश दे दिया। जिसके बाद भाकियू कार्यकर्ताओं ने जाम खोल दिया। भाकियू जिलाध्यक्ष कपिल खाटियान का कहना है कि हमारी मुख्य मांग धान की बिक्री पर लगी रोक को हटवाना थी। किसानों के साथ हुई मारपीट के संबंध में पुलिस को प्रार्थना पत्र दिया गया है। जिस पर कार्रवाई का आश्वासन पुलिस ने दिया है।