शामली। किसानों ने जिलाधिकारी से मुलाकात कर कहा कि गैस रिसाव प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराकर दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई कराई जाए। साथ ही मांग रखी कि इस प्रकरण की वजह से चीनी मिल का गन्ना पेराई सत्र प्रभावित नहीं होना चाहिए। निर्धारित समय पर ही पेराई प्रारंभ कराने की व्यवस्था कराई जाए।
बुधवार सुबह करीब दस बजे किसानों का प्रतिनिधि मंडल ने कलक्ट्रेट में जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह से मुलाकात की। उन्होंने बताया कि गैस के कारण बच्चों की हालत बिगड़ने के मामले में जिम्मेदार आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि शामली चीनी मिल का वर्ष 2017- 18 का पेराई सत्र 23 अक्तूबर से प्रारंभ होना है। इस प्रकरण की वजह से पेराई सत्र प्रभावित नहीं होना चाहिए। जिलाधिकारी इंद्र विक्रम सिंह ने उनसे कहा कि मामले की जांच कराई जा रही है।
इस दौरान मौके पर मुख्य रूप् से शामिल होने वालों में शामली सहकारी बैंक के पूर्व चेयरमैन डाक्टर विनोद मलिक, शामली गन्ना विकास परिषद के चेयरमैन वीर सिंह मलिक, परिषद के पूर्व चेयरमैन राजवीर सिंह, शामली गन्ना विकास समिति के उपाध्यक्ष वीरेंद्र सिंह, चौधरी महाराज सिंह लांक, भाकियू नेता विनोद निर्वाल और कुलदीप पंवार, गठवाला खाप के थांबेदार श्याम सिंह बहावड़ी, कैलाश मलिक, सतपाल पहलवान, पुष्पेंद्र निर्वाल, मनोज मालैंडी, बिटटू सिलावर और पुष्पेंद्र डायरेक्टर आदि मौजूद रहे।
प्लांट के पास से गुजरे तो मुंह पर रख लिया रुमाल
शामली। गैस रिसाव की घटना को लेकर लोगों में दहशत का माहौल कम होने का नाम नहीं ले रहा है। बायोगैस प्लांट के पास से ही खेड़ीकरमू को जोड़ने वाला संपर्क मार्ग है। इस मार्ग से गुजरने के दौरान लोग मुंह पर रुमाल रखकर चल रहे हैं।
सरस्वती विद्या मंदिर स्कूल के बच्चों के बीमार होने के बाद बुधवार को बायोगैस प्लांट से खेड़ीकरमू गांव जाने वाले मार्ग पर यही हाल देखने को मिला। दोपहर करीब 11.30 बजे इस रास्ते से गांव खेड़ीकरमू निवासी सुशील शर्मा अपने बच्चों की साइकिल और बैग लेने सरस्वती शिशु मंदिर पहुंचा। जैसे ही वह ई रिक्शा में साइकिल और बैग रखकर बच्चे के साथ घर लौट रहा था, तो रास्ते में पिता-पुत्र ने मुंह पर रुमाल रख लिया। वहीं, मेरठ करनाल मार्ग पर ट्रैफिक जाम लगने के कारण मार्ग से प्राइवेट बस गुजरी, तो उसमें बैठी सवारियों ने भी मुंह पर रुमाल रख लिया।