कहीं बोरे अपडेट नहीं तो कहीं ई-पॉश मशीन बनी समस्या
शामली। खरीद केंद्रों पर गेहूं तो आना शुरू हो गया है, लेकिन तमाम दिक्कतें सामने आ रही हैं। ऑनलाइन बोरे अपडेट न होने से किसानों को भुगतान में दिक्कत आ रही है। 12 दिनों में दस किसानों से 397 क्विंटल गेहूं ही खरीदा गया है। जिनका भुगतान अभी नहीं हुआ है। वहीं, 25 खरीद केंद्रों पर गेहूं का एक भी दाना नहीं खरीदा गया है।
जिले में गेहूं खरीद के लिए 30 केंद्र बनाए गए हैं। जिनमें खाद्य विभाग के पांच, पीसीएफ के 18, पीसीयू के छह और एफसीआई का एक केंद्र है। तीन लाख क्विंटल गेहूं खरीदने का लक्ष्य शासन ने दिया है। अब केंद्रों पर गेहूं आना शुरू हो गया है, लेकिन तमाम तरह की दिक्कतें सामने आ रही हैं। शामली मंडी के पीसीयू केंद्र प्रभारी रवि कुमार ने बताया कि उनके खरीद केंद्र का 500 बोरे ऑनलाइन अपडेट नहीं हो पाए हैं। किसान भुगतान के लिए चक्कर लगा रहे हैं।
एफसीआई खरीद केंद्र के प्रभारी अश्वनी कुमार ने बताया कि एनपीसीआई में गड़बड़ी के कारण भुगतान में देरी हो रही है। मंडी में खाद्य विभाग के एक खरीद केंद्र पर 17.50 क्विंटल, एफसीआई के खरीद केंद्र पर 36.50 क्विंटल और पीसीयू के खरीद केंद्र पर 16.50 क्विंटल गेहूं की खरीद हो चुकी है। शामली और मुजफ्फरनगर के डिप्टी आरएमओ कमलेश कुमार ने बताया कि वह बुधवार को शामली आकर ऑनलाइन बोरा अपडेट करने और ई-पॉश मशीन में आई तकनीकी समस्या दूर कराने का प्रयास करेंगे। उन्होंने बताया कि कुल 30 खरीद केंद्रों में से 25 खरीद केंद्रों पर ई-पॉश मशीन उपलब्ध करा दी गई है।
यहां बनाए गए हैं खरीद केंद्र
खाद्य विभाग : शामली, थानाभवन मंडी, कांधला, कैराना और झिंझाना।
पीसीएफ : सिक्का, महावतपुर, हसनपुर लुहारी, गंदेवड़ा, अंबेहटा-याकूबपुर, हरड़ फतेहपुर, रायपुर, गंगेरू, मलकपुर, ऊंचा गांव, भूरा, ऊन, दथेड़ा, गढ़ीपुख्ता, हथछोया, चौसाना, बेदखेड़ी, केरटू।
भारतीय खाद्य निगम : शामली मंडी।
पीसीयू : शामली मंडी, बलवा गुजरान, डुंडूखेड़ा, पटनी परतापुर, खोड़समा, पुरमाफी।