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घरों में चोरी छिपे बनाई जा रही आतिशबाजी

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कांधला में जनवरी 2020 में पटाखा फैक्टरी में विस्फोट के बाद के हालात। फइल फोटो - फोटो : SHAMLI
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घरों में चोरी छिपे बनाई जा रही आतिशबाजी
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शामली/कांधला/थानाभवन। दिवाली नजदीक है। आतिशबाजी बनाने वालों और विक्रेताओं ने स्टॉक बढ़ाना शुरू कर दिया है। जिले में कई स्थानों पर आबादी के बीच चोरी-छिपे पटाखे बनाए जा रहे हैं। साथ ही स्टॉक भी रखा हुआ है। यदि जरा सी चिंगारी लगी तो जनपद में आगरा जैसा हादसा हो सकता है। जिले में पहले भी आतिशबाजी से बड़े हादसे हो चुके हैं।
जिले में आतिशबाजी बनाने और थोक बिक्री के 31 लाइसेंस हैं। कांधला, थानाभवन, गढ़ीपुख्ता समेत जिला मुख्यालय पर भी कई स्थानों पर आतिशबाजी बनाई और बेची जाती है। आतिशबाजी बनवाने वाले कारीगरों को बारूद व अन्य सामान दे देते हैं। कारीगर अपने घरों पर आतिशबाजी तैयार करते हैं। इस काम में महिलाएं और बच्चे भी जुटे रहते हैं। घरों पर बचाव के उपाय भी नहीं होते जिससे हादसे की आशंका बनी रहती है।
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बारूद के ढेर पर हैं कई मोहल्ले
थानाभवन कस्बे में कई मोहल्लों में घरों में पटाखे बनाए जा रहे हैं। दीपावली का त्योहार नजदीक आने के कारण इस काम ने रफ्तार पकड़ ली है। हालांकि कस्बे में कई लोग लाइसेंस लेकर पटाखे बनाने का काम कर रहे हैं, लेकिन इनमें कई ऐसे हैं जो अधिक माल बनवाने के लिए बारूद को कस्बे के तंग मोहल्लों में सप्लाई करते हैं, जहां हमेशा ही लोगों की जान का खतरा बना रहता है। बीते कुछ वर्षों में ही थानाभवन कस्बे में आतिशबाजी से लगभग आधा दर्जन हादसे हो चुके हैं। थाना प्रभारी प्रभाकर कैंतुरा का कहना है कि दीपावली के मद्देनजर पूरे कस्बे में चेकिंग अभियान चलाया जाएगा।
महिलाएं और बच्चे बना रहे पटाखे
कांधला कस्बे में चार लोगों के नाम पर पटाखा बनाने के लाइसेंस हैं। इनमें से एक ने फिलहाल काम बंद कर रखा है, जबकि तीन कर रहे हैं। इसके अलावा मोहल्ला दिनतला, गंगेरु रोड, छोटी नहर पर सहित कई जगहों पर पटाखे बनाने का काम किया जा रहा है। पैसे कमाने के चक्कर में पटाखा कारोबारी छोटे बच्चों व महिलाओं से कार्य को करा रहे हैं। ऐसे में किसी भी समय कोई हादसा हो सकता है।
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जिले में होते रहे हैं हादसे...
- 31 जनवरी 2020 : कांधला में शामली रोड स्थित पटाखा फैक्टरी में विस्फोट से पांच लोगों की मौत हो गई थी।
- 24 अगस्त 2006 : कांधला के मोहल्ला रायजादगान में पटाखे बनाते समय हुए धमाके में सात लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी।
सन 1984 : कांधला में शामली रोड स्थित आशुदीन की पटाखा फैक्टरी में आग से सात लोगों की मौत हो गई थी।
वर्ष 2018 : थानाभवन में कूड़े के ढेर में विस्फोट होने के कारण एक व्यक्ति झुलस गया था।
इन्होंने कहा...
जनपद में आतिशबाजी लाइसेंसों के सत्यापन का कार्य चल रहा है। मौके पर जाकर सत्यापन किया जा रहा है। यदि कहीं पर कोई कमी मिलती है या मानक अधूरे मिलते हैं तो कार्रवाई की जाएगी।
- अरविंद कुमार सिंह, एडीएम।
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