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पूर्वी यमुना नहर पटरी मरम्मत और निर्माण कार्य विभागों के बीच अटका

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शामली युमना नहर की पटरी फाइल फोटो। - फोटो : SHAMLI
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पूर्वी यमुना नहर पटरी मरम्मत और निर्माण विभागों के बीच अटका
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शामली। सहारनपुर और बागपत जिले को जोड़ने वाली पूर्वी यमुना नहर की पटरी की मरम्मत और निर्माण तीन विभागों के बीच अटका हुआ है। सिंचाई विभाग को पूर्वी यमुना नहर के लिए बजट नहीं मिला है। मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण अपने क्षेत्र में ही मरम्मत और निर्माण कार्य करा सकता है। लोक निर्माण विभाग के प्रांतीय खंड के अफसरों ने पूर्वी यमुना नहर पटरी की मरम्मत और निर्माण कार्य में स्वामित्व को लेकर विवाद होने से कार्य अधर में लटका दिया है।
जिले की पूर्वी यमुना नहर की पटरी सहारनपुर और बागपत जिले की सीमा को जोड़ती है। बागपत जिले के ककड़ीपुर गांव से लेकर करमू खेड़ी पुल तक सिंचाई विभाग, करमूखेड़ी पूर्वी यमुना नहर पुल से लेकर मुंडेट कलां नहर पुल तक पहले मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण, बाद में सिंचाई विभाग ने दस किमी लंबाई की नहर पटरी का निर्माण कराया था। भैंसवाल गांव से लेकर सहारनपुर जिले के गंदेवड़ा संगम तक लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड ने पूर्व दिशा की सात मीटर पटरी का निर्माण कराया था।
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पिछले साल भैंसवाल गांव से लेकर खेड़ीकरमू तक पूर्वी यमुना नहर की पटरी को सात मीटर प्रस्ताव तैयार करने के लिए लोक निर्माण विभाग को जिम्मेदारी दी गई थी। जिसमें बिजली, वन विभाग से बिजली के खंभे व तार शिफ्टिंग, निर्माण का एस्टीमेट तैयार कराने के निर्देश दिए थे। बाद में लोक निर्माण विभाग ने नए शासनादेश का हवाला देकर पूर्वी नहर की पटरी का निर्माण अडंगा लगा दिया। पूर्वी यमुना नहर की पटरी की मरम्मत और निर्माण के लिए पीडब्लूडी के पास बजट नहीं है। डीएम जसजीत कौर ने खेड़ीकरमू नहर पुल से लेकर भैसवाल तक पटरी की मरम्मत और निर्माण के लिए मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण को निर्देश दिए थे। प्राधिकरण सिर्फ अपने क्षेत्र की पानीपत खटीमा हाईवे खेड़ीकरमू नहर पुल से लेकर मुंडेट कलां नहर पुल तक पूरब दिशा की पटरी बना सकता है। पूर्वी यमुना नहर की पश्चिमी दिशा की पटरी को जिला पंचायत समेत दूसरे क्षेत्र की बता रहा है।
मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण के कार्यालय प्रभारी और अवर अभियंता राजीव त्यागी का कहना है कि प्राधिकरण अपने क्षेत्र में पूर्वी यमुना नहर पटरी की मरम्मत और निर्माण कार्य करा सकता है। प्राधिकरण का पूर्वी यमुना नहर पटरी का पूर्व दिशा का क्षेत्र खेडीकरमू से लेकर मुंडेट कलां पुल तक क्षेत्र है। खेड़ीकरमू से लेकर मेरठ-करनाल हाईवे के नहर पुल तक जिला पंचायत से नई कालोनियां विकसित करने की मानचित्र की स्वीकृति ली जा रही है। इसलिए पश्चिम दिशा की नहर की पटरी का उनका विभाग मरम्मत और निर्माण नहीं कार्य करा सकता है। मुंडेट कलां पुल से लेकर भैसवाल तक नहर पटरी जिला पंचायत और लोक निर्माण विभाग और सिंचाई विभाग निर्माण क्षेत्र में है।
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सीडीओ शंभूनाथ तिवारी का कहना है कि मुजफ्फरनगर विकास प्राधिकरण अपने क्षेत्र में ही निर्माण कार्य करा सकते है। सिंचाई विभाग की पूर्वी यमुना नहर की पटरी है, इसीलिए वह डीपीआर तैयार करके डीएम, मंडलायुक्त के माध्यम से शासन को भेजकर धनराशि अवमुक्त कराएंगे। इस साल का जिला पंचायत का बजट खत्म हो चुका है। नए बजट में जिला पंचायत के माध्यम से प्रस्ताव रखा जाएगा।
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