शामली के हनुमान रोड पर सर्दी में गर्म कपडों में जाती महिलाएं । संवाद
शामली। जिले में रात से लेकर सुबह तक घना कोहरा छाया रहा। दोपहर में धूप निकली, लेकिन शीतलहर चलने से मौसम ठंडा बना रहा। ठिठुरन रहने से लोग गर्म कपड़ों में लिपटे रहे। अधिकतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की वृद्धि हुई जबकि न्यूनतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की गिरावट आई। शाम होते ही फिर से कोहरा छाना शुरू हो गया।
बृहस्पतिवार दोपहर को हल्की धूप निकली थी। रात में कोहरा छाया रहा और पाले का असर रहा। शुक्रवार सुबह भी कोहरा छाया रहा। कोहरे के कारण दृश्यता कम होने से वाहनों की गति धीमी रही। इसके साथ ही शीतलहर चलने से मौसम में ठिठुरन बनी रही। दोपहर में 12 बजे धूप निकली, लेकिन हल्की होने और शीतलहर चलने के कारण लोगों को ठंड से ज्यादा राहत नहीं मिल पाई। पिछले 24 घंटे में जिले के तापमान की स्थिति देखे तो अधिकतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस बढ़कर 18 डिग्री सेल्सियस रहा जबकि न्यूनतम तापमान एक डिग्री सेल्सियस कम होकर सात डिग्री सेल्सियस रहा।
सरदार बल्लभ भाई पटेेल कृषि विश्वविद्यालय मेरठ के ग्रामीण कृषि सेवा के नोडल अधिकारी प्रोफेसर यूपी शाही ने बताया अभी ठंड से राहत के आसार नहीं है, अगले तीन दिन मौसम शुष्क रहने व ठंड जारी रहने के आसार है। 18 व 22 को जनवरी को आ रहे दो पश्चिमी विक्षोभ के कारण पहाड़ों पर हिमपात होगा। 21 व 22 जनवरी को पश्चिमी उत्तर प्रदेश के अधिकांश क्षेत्रों में वर्षा हो सकती है।
कोहरे से सरसों की फसल को नुकसान होने की आशंका
शामली। कृषि विज्ञान केंद्र जलालपुर के प्रभारी संदीप चौधरी ने बताया बूंदाबांदी से जमीन में पर्याप्त नमी बनी हुई है। इसमें किसान चाहे तो तीन-चार किलो प्रति बीघा गेहूं का बिखराव कर सकते हैं। किसी भी फसल में पानी की आवश्यकता नहीं है। उनका कहना है कि कोहरा अगर छह-सात दिन तक लगातार रहता है तो सरसों की फसल प्रभावित हो सकती है। इस मौसम में सरसों में माहु कीट आ जाता है। अगर हल्का कीट हो तो नीम के तेल का स्प्रे पांच एमएल प्रति लीटर पानी से स्प्रे कर सकते हैं। ज्यादा हो तो कीटनाशक का प्रयोग कर फसल की सुरक्षा की जा सकती है। कोहरे के लगातार चलने से सब्जियोें में फंगस लगने की आशंका बनी रहती है। उनका कहना है कि अभी तक फसलों का कोई खास प्रभाव मौसम का नहीं है। इसकी वजह ये है कि दिन में धूप निकल रही है।